जेपी उद्योग से माल भाड़ा किराये की अदायगी न होने पर गुस्साए ट्रक ऑपरेटरों ने शनिवार को शालू घाट में चक्का जाम किया। दि बिलासपुर जेपी उद्योग विस्थापित एवं प्रभावित परिवहन सहकारी सभा समिति के बैनर तले जेपी सीमेंट उद्योग से जुड़ी सहकारी सभाओं के ट्रक ऑपरेटरों ने धरना-प्रदर्शन भी किया।
सोलन और बिलासपुर जिले के हजारों ट्रक ऑपरेटरों ने धरने-प्रदर्शन के दौरान लगभग दो घंटे तक चक्का जाम किया। इस मौके पर बड़ी संख्या में पुलिस बल भी तैनात था। चक्का जाम करने के दौरान ऑपरेटरों की पुलिस के साथ हल्की नोंक-झोंक भी हुई।
ऑपरेटरों ने चेताया कि यदि सोमवार तक ट्रक ऑपरेटरों को बकाया 30 करोड़ रुपये का भुगतान नहीं किया, तो मंगलवार को खारसी चौक पर बड़े स्तर पर धरना-प्रदर्शन और चक्का जाम किया जाएगा। ऑपरेटरों ने बताया कि उन्होंने जेपी का ढुलान बंद कर रखा है। पिछले 55 दिनों से जेपी कंपनी ने ट्रक ऑपरेटरों को भाड़ा राशि की अदायगी नहीं की है। इससे ट्रक ऑपरेटरों की आर्थिक स्थिति खस्ता हो गई है।
ऑपरेटरों ने टैक्स तक जमा नहीं करवाया हैं। ऑपरेटर सभा के कानूनी सलाहकार भगत सिंह वर्मा ने जेपी कारखाना प्रबंधन के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि जेपी मैनेजमेंट ट्रक ऑपरेटरों को किराया न देकर मुफ्त में ढुलाई करवाना चाहती है।
कंपनी प्रबंधन ने समझौते के अनुसार ट्रक ऑपरेटरों को भुगतान नहीं किया। ट्रकों को फाइनेंसर उठा रहे हैं। खारसी सभा के महासचिव दौलत सिंह ठाकुर ने कहा कि जेपी कंपनी ने बागा सीमेंट प्लांट अल्ट्रा टेक कंपनी को बेच दिया है।
अल्ट्रा टेक कंपनी को इस कारखाने के अधीन करने के लिए नियमों की औपचारिकताओं करते-करते एक साल का समय लग जाएगा। ऑपरेटरों को डर है कि उस समय तक जेपी कंपनी प्रबंधन कहीं निकल न जाए और ऑपरेटर देखते रह जाएं।
उन्होंने हिमाचल प्रदेश सरकार को इस मामले में दखल देने की अपील की है। इस मौके पर खारसी सभा के प्रधान महेंद्र सिंह, रानी कोटला परिवहन के प्रधान प्रेम सिंह ठाकुर, भूतपूर्व सैनिक परिवहन सभा के प्रधान सुरेंद्र, रोशन लाल फौजी, दुर्गा राम ठाकुर, हेमराज शर्मा, जोगेंद्र कुमार ठाकुर, जीत राम शर्मा, बाबू राम शर्मा, धर्मपाल ठाकुर, मान सिंह, देवराज, रणजीत, परस राम और बाबू राम सहित हजारों ट्रक ऑपरेटरों ने भाग लिया।