संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। स्वाहण पंचायत के गांव धरा में बुधवार से श्रीमद् भागवत कथा का शुभारंभ हो गया है। इस अवसर पर आयोजकों ने कलश यात्रा का आयोजन किया। जिसमें महिलाओं ने बढ़चढ़ कर भाग लिया। पावन श्रीमद भागवत कथा ग्रंथ को सादर आयोजन स्थल तक लाया गया। इस कथा यज्ञ में पंडित सुरेश भारद्वाज ने प्रवचनों की अमृतवर्षा की।
पहले दिन प्रवचन करते हुए उन्होंने भगवान श्री गणेश की महिमा पर रोचक प्रसंग सुनाते हुए कहा कि देवाधिदेव महादेव भगवान शंकर के लिए भी गणेश प्रथम पूजनीय थे। भगवान ने स्वयं यह वरदान उन्हें दिया था। वे एक बार इस बात की अवहेलना कर विपत्ति का शिकार हुए। सर्वप्रथम भगवान शिव ने ही गणेश पूजन किया था। एक रोचक प्रसंग का वर्णन करते हुए बताया कि जब भगवान शंकर द्वारा गणेश जी का शीश काटा गया तो काफी बवाल मचाने के बाद माता पार्वती को शंकर ने वचन लिया कि सबसे पहले हमारे पुत्र गणपति की पूजा होगी तभी इसका लाभ सर्वजन को मिलेगा। भगवान शिव ने कैलाश पर्वत पर बड़ी धूमधाम से गणपति पूजन उत्सव किया और त्रिपुरासुर नामक राक्षस का वध कर उन पर विजय प्राप्त की। भगवान शिव ने कहा कि जो भी कोई भी कार्य करने से पूर्व गणपति महाराज का पूजन करेगा। उसे यश, वैभव, कीर्ति, धन-धान्य की कोई कमी नहीं रहेगी। कथा के अंत में सुंदर भजन गाए गए और प्रसाद भी वितरित किया गया।