पंचायत छत के गांव छत में पागल कुत्तों ने लगभग आधा दर्जन लोगों को काट लिया। इससे गांव में अफरा-तफरी का माहौल है। कुत्तों के काटने से घायल लोगों का इलाज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बरठीं में चल रहा है। पागल कुत्तों के मचाए आतंक से लोगों में दहशत बनी हुई है।
जानकारी के मुताबिक बरठीं से सटी छत पंचायत के गांव छत में रविवार को दो पागल कुत्तों ने लोगों पर हमला कर दिया। बताया जा रहा है कि गांव के लोग अपने कार्य से जा रहे थे, तो पागल कुत्तों ने अचानक उन पर हमला करके काट लिया।
इस दौरान पागल कुत्तों ने करीब छह लोगों को अपना शिकार बनाया। घायलों में पूर्व वार्ड सदस्य शंकुुुतला देवी पत्नी कर्म सिंह, वरिंद्र कुमार सुपुत्र होशियार सिंह, वीरो बीबी पत्नी गोरख दीन, जिन्दी देवी पत्नी स्वर्गीय मेघ सिंह सहित अन्य लोग शामिल हैं।
घायलों को परिजनों और स्थानीय लोगों की मदद से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बरठीं में पहुंचाया गया। जहां पर उनका उपचार चल रहा है। कुत्तों के मचाए इस आतंक से गांव में अफरा-तफरी मच गई है। लोग कुत्तों के डर से घर से बाहर निकलने में भी कतरा रहे हैं।
सबसे अधिक चिंता बच्चों की है। सहदेव, अनूप, अनुराग, अवतार, विशण सिंह, रमेश चंद, कर्म चंद, मलकीयत सिंह, होशियार सिंह, अनिल कुमार, अशोक कुमार और विक्रम सिंह सहित अन्यों ने बताया कि गांव में पागल आवारा कुत्तों ने करीब आधा दर्जन लोगों को काट लिया है।
उन्होंने बताया कि गांव में आवारा कुत्तों की संख्या में दिन-प्रतिदिन इजाफा होता जा रहा है और ये कुत्ते किसी न किसी को अपना शिकार बना रहे हैं। गांव के लोगों ने जिला प्रशासन और संबंधित विभाग से इन आवारा कुत्तों से निजात दिलाने की मांग की है।
पशुपालन विभाग बरठीं प्रभारी डा. विपिन रांगड़ा ने बताया कि अगर किसी को आवारा कुत्तों काट ले, तो तुरंत जख्म को अच्छी तरह साबुन से धोएं। पागल कुत्ते को कहीं एकांत में बांध दें, ताकि वह किसी और को नुकसान न करें। उन्होंने बताया कि कुत्ते द्वारा काटे जाने पर चौबीस घंटों के भीतर अस्पताल में जाकर इंजेक्शन जरूर लगवा लें। यह टीके अस्पताल में निशुल्क लगाए जाते हैं।