-कॉलोनी निवासी बोले, किसी कीमत पर हिमुडा को नहीं देंगे मेंटेनेंस चार्ज
- कहा, 2016 से नगर परिषद बिलासपुर के पास है कॉलोनी का रखरखाव
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। हाउसिंग बोर्ड वेलफेयर सोसायटी बिलासपुर की आमसभा कॉलोनी के सामुदायिक भवन में आयोजित हुई। बैठक की अध्यक्षता सोसायटी के अध्यक्ष एवं नगर परिषद बिलासपुर के उपाध्यक्ष कमल गौतम ने की।
बैठक में रोष व्यक्त किया गया कि हिमुडा प्रशासन जबरदस्ती कॉलोनी वासियों से मेंटेनेंस चार्ज वसूलने के लिए नोटिस दे रहा है। जबकि यह कॉलोनी रखरखाव के लिए नगर परिषद बिलासपुर को सौंप दी गई है। निर्णय लिया गया कि कॉलोनी के लोग इन नोटिसों को नहीं मानेंगे और हिमुडा को कोई मेंटेनेंस चार्ज नहीं देंगे, चाहे इसके लिए कोर्ट की शरण ही क्यों न लेनी पड़े। कहा कि जब हिमुडा के पास कॉलोनी रखरखाव के लिए थी तो कॉलोनी निवासी हिमुडा को नियमानुसार मेंटेनेंस चार्ज देते थे। उस समय नगर परिषद का गृहकर इनसे नहीं लिया जाता था। 2016 में इस कॉलोनी को नगर परिषद बिलासपुर को सौंप दिया गया। फिर लोगों ने नियमानुसार नगर परिषद को गृहकर देना शुरू कर दिया व हिमुडा का मेंटेनेंस चार्ज बंद हो गया। अब अचानक हिमुडा प्रशासन ने 2016 से मेंटेनेंस चार्ज दिए जाने के नोटिस कॉलोनी वासियों को थमा दिए हैं, जबकि नियमानुसार दो टैक्स या चार्ज एक ही घर से नहीं लिए जा सकते। इससे कॉलोनी के लोग परेशान हैं। एक ओर तो वे नगर परिषद को हजारों रुपये का गृह कर प्रतिवर्ष दे रहे हैं व अब हिमुडा प्रशासन ने उन्हें आठ वर्ष के मेंटेनेंस चार्ज के रूप में 10 से 15 हजार की राशि प्रति घर देने के नोटिस दे दिए हैं। इस बात पर भी हैरानी जताई गई कि कॉलोनी के सामुदायिक भवन के मेंटेनेंस चार्ज को मांगते हुए सोसायटी के प्रधान के नाम से 1 लाख 20 हजार रुपये देने का नोटिस दे दिया है। जबकि सामुदायिक भवन किसी एक व्यक्ति की निजी संपत्ति नहीं होती।
बैठक में सरकार से आग्रह किया गया कि कॉलोनी के निवासियों पर जबरदस्ती थोपे गए इन नोटिस को निरस्त करने के निर्देश हिमुडा प्रशासन को दिए जाएं। कॉलोनी निवासियों को इस अन्याय से मुक्ति दिलाई जाए। बैठक में चेतराम महाजन, अशोक शर्मा, प्रताप शर्मा, अलबेल ठाकुर, देवेंद्र सैनी, ख्याली राम, विद्या प्रकाश, दीनदयाल रतवान, मधु सांख्यान सहित करीब 50 लोग मौजूद रहे।