समीक्षा बैठक में सदर विधायक त्रिलोक जमवाल ने दिए निर्देश
-अब तक केवल 25 फीसदी बजट खर्च होने पर जताई नाराजगी
-पीएम आवास योजना के तहत मकानों के आवंटन में पात्रता का ध्यान रखने की हिदायत
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। सदर के विधायक त्रिलोक जमवाल ने विधानसभा क्षेत्र में पंचायतों के माध्यम से करवाए जा रहे विकास कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि पंचायती राज प्रणाली में हर क्षेत्र का चहुंमुखी विकास करके समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति को लाभांवित करने की व्यवस्था है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सदर विधानसभा क्षेत्र के लिए 250 मकान स्वीकृत हुए हैं। इनके आवंटन में मित्रता नहीं, केवल पात्रता का ध्यान रखा जाए। इसमें भाई-भतीजावाद सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा चिंतित करने वाला पहलू यह है कि पंचायतों में अभी तक केवल 25 फीसदी बजट ही खर्च हो पाया है। आम जनता से जुड़े कार्यों में लेटलतीफी स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने केंद्र व प्रदेश सरकार तथा विधायक निधि समेत अन्य मदों से करवाए जा रहे कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं, ताकि लोगों को सुविधा जल्द मिल सके। बीडीओ कार्यालय में हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए त्रिलोक जमवाल ने कहा कि विधानसभा क्षेत्र के चहुंमुखी विकास के लिए बजट की कोई कमी नहीं रखी जा रही है। केंद्र व प्रदेश सरकार की योजनाओं के साथ ही विधायक व सांसद निधि से भी पैसा आवंटित किया गया है। पर्याप्त बजट का प्रावधान होने के बावजूद विधानसभा क्षेत्र की कई पंचायतों में विकास कार्य समय पर पूरे नहीं हो रहे हैं। अभी तक केवल 25 फीसदी बजट खर्च होना इसका प्रमाण है। यदि कहीं पैसे की कमी है तो जरूरत के आधार पर उसके लिए अतिरिक्त बजट भी मुहैया करवाया जाएगा, लेकिन इस तरह की लेटलतीफी, लापरवाही स्वीकार नहीं है। बाकी बचा 75 फीसदी बजट भी जल्द सही ढंग से प्रयोग में लाया जाए। 13वें व 14वें वित्त आयोग में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने करोड़ों रुपये का बजट सीधा पंचायतों को दिया है। देश की आजादी के बाद ऐसा पहली बार हुआ है। इस बजट को भी सही ढंग से उपयोग में लाया जाए।
त्रिलोक जमवाल ने पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों और विभागीय कर्मचारियों को निर्देश दिए कि सभी विकास कार्यों को समयबद्ध पूरा करें। इनमें गुणवत्ता का भी पूरा ध्यान रखा जाए। जनहित में यदि कोई नए कार्य करवाए जाने हैं तो उसकी जानकारी भी दी जाए, ताकि उनके लिए औपचारिकताएं पूरी करके बजट का प्रावधान किया जा सके। बैठक में बीडीओ सदर बबीता के साथ ही विकास खंड के तहत आने वाली सभी पंचायतों के प्रधानों, उप प्रधानों, सचिवों, तकनीकी सहायकों और ग्राम रोजगार सेवकों ने भाग लिया।