बिलासपुर। एबीवीपी के जिला संयोजक उज्ज्वल कैथ, स्टूडेंट फॉर सेवा कार्यक्रम के नगर प्रमुख रोहित व जिला छात्रा सह प्रमुख कंचना ने कहा कि एबीवीपी ने प्रदेश के शिक्षामंत्री सहित हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय प्रशासन को अपना मांग पत्र सौंपा है। उन्होंने कहा कि इन मांगों पर यदि कोई सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो 7 फरवरी से 20 फरवरी तक एबीवीपी पूरे प्रदेश में अपनी आंदोलनात्मक गतिविधियां चलाएगी। उक्त छात्र नेता बिलासपुर में पत्रकार वार्ता के दौरान बोल रहे थे।
उन्होंने बताया कि पिछली सरकार के समय रूसा शिक्षा प्रणाली के तहत सेमेस्टर पद्धति लागू थी। इस सेमेस्टर पद्धति में विद्यार्थियों द्वारा परीक्षा परिणामों के भरे गए पुनर्मूल्यांकनों के परीक्षा परिणाम अभी तक नहीं निकले हैं जिस कारण विद्यार्थी पुन: उसी कक्षा की परीक्षा देने पर मजबूर हैं।
एबीवीपी की मांग है कि इन परीक्षा परिणामों को विश्वविद्यालय प्रशासन तुरंत घोषित करे। प्रदेश में खुले केंद्रीय विश्वविद्यालय सहित सभी मेडिकल कॉलेजों में सभी तय सुविधाएं उपलब्ध हों। कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर, नौणी विश्वविद्यालय सहित व्यवसायिक डिग्रियों की पढ़ाई के लिए विभिन्न शिक्षण संस्थानों में ली जा रही भारी भरकम फीस भी कम की जाए ताकि आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थी भी उच्च शिक्षा प्राप्त कर सकें।
मंडी में खुले कलस्टर विश्वविद्यालय में केवल उपकुलपति की नियुक्ति से काम नहीं चलेगा वहां तुरंत प्राध्यापकों की नियुक्तियां की जाएं और विद्यार्थियों को प्रवेश भी दिया जाए। सभी कॉलेजों में केंद्रीय छात्र परिषद के चुनाव शीघ्र शुरू किए जाएं। उन्होंने बताया कि अपनी इन मांगों को लेकर एबीवीपी बिलासपुर जिले में भी 7 फरवरी को सभी महाविद्यालयों में पर्चे बांटेगी व कॉलेज प्राचार्यों के माध्यम से शिक्षामंत्री को ज्ञापन भेजेगी। 10 और 11 फरवरी को इन मांगों के समर्थन में सभी स्कूलों व कॉलेजों में हस्ताक्षर अभियान चलाया जाएगा। 12 फरवरी को एबीवीपी इकाई स्तर पर धरना प्रदर्शन करेगी, 14 फरवरी को डीसी कार्यालय के बाहर धरना व प्रदर्शन किया जाएगा तथा डीसी के माध्यम से प्रदेश सरकार को ज्ञापन भी भेजा जाएगा।
17 फरवरी दोपहर से 18 फरवरी दोपहर तक अपनी मांगों के समर्थन में एबीवीपी कार्यकर्ता 24 घंटे की सांकेतिक भूख हड़ताल करेंगे। फिर भी इन मांगों पर यदि सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो 20 फरवरी को जिले के सभी कॉलेजों में पूर्णतय: हड़ताल कर कक्षाओं को बहिष्कार किया जाएगा।