बिलासपुर में आयोजित कार्यशाला की अध्यक्षता करते सहायक आयुक्त राज्य कर, अनुराग गर्ग । स्रोत : स्
-विभाग ने करदाताओं को दी योजनाओं की जानकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
भराड़ी (बिलासपुर)। वित्त वर्ष 2017 से लेकर 2019-20 तक जीएसटी की एमनेस्टी योजना के संबंध में सहायक आयुक्त राज्य कर और आबकारी विभाग बिलासपुर में कार्यशाला हुई, जिसमें योजना के तहत यदि करदाता को उपरोक्त सालों के लिए विभाग द्वारा कोई नोटिस जारी हुआ है तो करदाता 31 मार्च 2025 से पहले टैक्स जमा करवाके जुर्माना और ब्याज माफ करवा सकता है।
जानकारी देते हुए अनुराग गर्ग सहायक आयुक्त राज्य कर एवं आबकारी विभाग ने बताया कि कार्यशाला में विभिन्न करदाता और कर विशेषज्ञों ने भाग लिया। उन्होंने कहा विभाग के पास ऐसे करदाताओं की सूची है जहां उक्त साल के लिए करदाताओं को जीएसटी एक्ट के तहत नोटिस जारी हुए हैं। उन्होंने करदाताओं और कर विशेषज्ञों से अपील की है कि वे इस एमनेस्टी योजना का लाभ उठाएं। इस तरह वैट अधिनियम में भी राज्य सरकार की ओर से लेगसी योजना फिर से लाई गई है, जिसके अनुसार अगर करदाता को वैट अधिनियम के तहत कोई डिमांड पेंडिंग है तो करदाता केवल कर राशि और कर का 10 प्रतिशत जमा करवाकर अपना और सारा जुर्माना और ब्याज माफ करवा सकता है। उन्होंने बताया कि वैट अधिनियम के तहत काफी करदाताओं का एरियर विभाग के पास पड़ा हुआ है। उन्होंने सभी से दोनों योजना का लाभ उठाने की अपील की। अधिक जानकारी के लिए करदाता कार्यालय का दौरा कर सकते हैं। इस कार्यशाला में जीएसटी विशेषज्ञ एसएस जामवाल, विजय चंदेल, अभिषेक, पंकज, पंकज सोनी और जगदीश मौजूद रहे।