सुन्हाणी पंचायत की प्रियंका शर्मा ने 1100 नंबर पर भी दर्ज कराई शिकायत
जर्जर हालत में है पैतृक मकान, रिश्तेदारों के घर में ली है शरण
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। झंडूता उपमंडल की ग्राम पंचायत सुन्हाणी के डोहरा गांव की रहने वाली प्रियंका शर्मा लंबे समय से अपने आशियाने के लिए संघर्ष कर रही है। प्रियंका और उनकी बहन बेसहारा हैं, क्योंकि उनके माता-पिता का देहांत हो चुका है। वर्तमान में दोनों युवतियों को मजबूरी में रिश्तेदारों के घर शरण लेनी पड़ रही है, क्योंकि उनका अपना पैतृक मकान पूरी तरह जर्जर और असुरक्षित हो चुका है।
प्रियंका ने बताया कि उनके घर की हालत इतनी खराब है कि दीवारों से लगातार मिट्टी गिर रही है। मकान कभी भी गिर सकता है। सहारा देने वाला कोई नहीं है। कई बार प्रशासन के यहां चक्कर काट चुकी हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री सेवा संकल्प हेल्पलाइन (1100) पर भी शिकायत दर्ज करवाई है, लेकिन अभी तक धरातल पर कोई मदद नहीं पहुंची है। प्रियंका का कहना है कि मकान की हालत ऐसी है कि वहां रहना जान जोखिम में डालने जैसा है। पंचायत और प्रशासन के बीच तालमेल की कमी के कारण अपने ही घर में रहने से महरूम हैं। सरकार से मांग है कि नियमों और तकनीकी विवादों से ऊपर उठकर मानवीय आधार पर मदद की जाए। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत नया मकान दिया जाए या फिर पैतृक मकान की मरम्मत के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की जाए।
पंचायत सचिव राजेंद्र शर्मा ने बताया कि आवेदन प्रक्रिया में कुछ तकनीकी बाधाएं हैं। युवतियों के वर्तमान में गांव में न रहने के कारण सर्वे और दस्तावेजों के सत्यापन में समस्या पेश आ रही है। कुछ स्थानीय कारणों और पात्रता से जुड़े प्रमाणों की कमी की वजह से प्रक्रिया रुकी हुई है। यदि आवश्यक दस्तावेज और प्रमाण प्रस्तुत किए जाते हैं, तो नियमों के अनुसार कार्रवाई की जा सकती है।