बिलासपुर। बिलासपुर शहर में लोगों की ओर से किए गए अवैध कब्जों को लेकर हाईकोर्ट पूरी तरह से सख्त है। शहर में पहले की करीब 342 अवैध कब्जों को हटाने के हाईकोर्ट आदेश दे चुका है। वहीं अब गत सप्ताह हुई सुनवाई में कोर्ट ने पूरे बिलासपुर शहर के कब्जों की सूची प्रशासन से मांगी है ताकि सभी कब्जों को हटाया जा सके।
वहीं हाईकोर्ट ने अपने आदेश में यह भी कहा है कि सोमवार को होने वाली सुनवाई में उपायुक्त बिलासपुर और एसडीएम बिलासपुर सदर व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में पेश होंगे जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि कोर्ट बिलासपुर शहर में किए गए अवैध कब्जों को लेकर किसी भी प्रकार की नरमाई बरतने के मूड में नहीं है।
उल्लेखनीय है कि बिलासपुर शहर में अवैध कब्जों को लेकर हाईकोर्ट ने करीब 342 कब्जों को हटाने के आदेश दिए हैं लेकिन उक्त कब्जों को हटाने को लेकर प्रशासन की ओर से अभी तक कोई बड़ी कार्रवाई नहीं की गई। जबकि प्रशासन इस मामले को लेकर कई बार हाईकोर्ट में स्टेट्स रिपोर्ट जमा करवा चुका है।
वहीं गत सप्ताह भी इस मामले को लेकर हाईकोर्ट में सुनवाई हुई है जिसमें तहसीलदार सदर और ईओ नगर परिषद बिलासपुर पेश हुए थे लेकिन सुनवाई के दौरान कोर्ट ने सोमवार को उपायुक्त और एसडीएम को पूरे रिकॉर्ड के साथ व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में पेश होने के आदेश दिए हैं। वहीं सूत्रों की मानें तो जिला प्रशासन ने शहर के अवैध कब्जों की सूची तैयार कर ली है जिसे कोर्ट में पेश किया जाएगा। वहीं प्रशासन उन लोगों के कब्जों की सूची तैयार करने में भी लगा है जो किन्हीं कारणों से अभी तक बचे हुए हैं। उपायुक्त बिलासपुर राजेश्वर गोयल ने बताया कि इस मामले में सोमवार को हाईकोर्ट में सुनवाई है जिसमें मांगी गई पूरी जानकारी कोर्ट के समक्ष रखी जाएगी। कहा कि कोर्ट के जो भी आदेश होंगे उसका पालन किया जाएगा।