-प्रभावशाली लोगों पर विशेष संपर्क से कम आय का प्रमाण पत्र बनाने के आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
बरठीं(बिलासपुर)। प्रदेश सरकार की हालिया अधिसूचना के तहत आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका के रिक्त पदों के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं, जिनकी अंतिम तिथि 22 नवंबर तय की गई थी। हालांकि, इन पदों पर आवेदन करने के लिए जो शर्तें रखी गई हैं, उन पर विवाद खड़ा हो गया है।
अधिसूचना के अनुसार आवेदनकर्ता के परिवार की न्यूनतम मासिक आय पचास हजार रुपये होनी चाहिए। लेकिन झंडूता क्षेत्र में यह शर्त उन लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रही है, जो पात्र होते हुए भी इस मानक को पूरा नहीं कर पा रहे हैं। खासतौर पर बीपीएल परिवारों के लोगों के लिए आय प्रमाणपत्र प्राप्त करने में कई दिक्कतें आईं। आरोप है कि कुछ प्रभावशाली लोग विशेष संपर्क के माध्यम से कम आय का प्रमाण पत्र बनवाकर आवेदन जमा कर रहे हैं। इस कारण जिन पात्र लोगों के पास सही आय प्रमाणपत्र नहीं बन पाए वे आवेदन करने से वंचित रहे। पात्र महिलाओं के परिवार से संजय, दिनेश कुमार, विक्रम सिंह और अन्य स्थानीय लोगों ने इस व्यवस्था पर आपत्ति जताई। आरोप लगाया कि प्रभावशाली लोगों को बैक डोर से लाभ मिल रहा है, जबकि सही पात्र लोग परेशान हो रहे हैं।
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सीडीपीओ झंडूता का बयान
आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह से अधिसूचना के अनुसार हुई। मिनिमम आय 50 हजार रुपये और आवेदनकर्ता का कम से कम 12वीं पास होना अनिवार्य है। -पवन कुमार, सीडीपीओ झंडूता
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आय प्रमाणपत्र तहसीलदार द्वारा, आवेदक की संपत्ति और अन्य मानकों के आधार पर जारी किए जाते हैं। अभी तक उनके पास इस संबंध में किसी तरह की कोई शिकायत नहीं पहुंची है। - गौरव चौधरी, एसडीएम घुमारवीं