बिलासपुर। प्रदेश सरकार बाहरी राज्यों में फंसे हिमाचली लोगों पर विचार कर वापस लाने के लिए योजना बनाए। पूर्व अध्यक्ष नगर पंचायत तलाई एवं जिला कांग्रेस पूर्व प्रवक्ता पवन कौशल ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से आग्रह कर यह मांग की है।
कौशल ने कहा कि राजस्थान कोटा से एक सौ से ज्यादा कोचिंग ले रहे विद्यार्थियों को वापस प्रदेश में लाने के लिए सरकार के कदम सराहनीय है। कहा कि ऐसे ही अन्य राज्यों में प्रदेश के बाहर फंसे कोचिंग ले रहे विद्यार्थी चंडीगढ़, दिल्ली इत्यादि के लिए भी शीघ्र वापस लाने की व्यवस्था की जाए।
इन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के अलावा अन्य प्रदेश के बाहर फंसे हुए लोगों के लिए भी बसें इत्यादि का प्रबंध कर लाया जाए। ताकि चिंतित परिवार व बाहरी राज्यों में फंसे लोगों को कोविड-19 लॉकडाउन से हुई समस्या से कुछ राहत मिल सके।
उन्होंने कहा कि सरकार कोटा से लाने वाले विद्यार्थियों का भी प्रदेश में लाने से पहले प्रदेश की सीमा पर ही प्रॉपर चेकअप करना चाहिए। सरकार लुधियाना चंडीगढ़, दिल्ली या फिर बाहरी अन्य राज्य के किसी सिटी जहां पर अधिकतर हिमाचली रह रहे हो। उनको प्रदेश में ही एक हेल्पलाइन नंबर स्थापित कर आंकड़ा इकट्ठा कर उचित व्यवस्था लाने के लिए कर सकती है। प्रदेश से बाहर प्राइवेट नौकरी इत्यादि के लिए गए हुए युवक काफ ी चिंतित हैं। क्योंकि जहां उनका आय का साधन बंद है। वहां अब अपना जीवन निर्वाह करने में कठिनाई आ रही है।
इन्होंने कोविड-19 के चलते जहां लोगों का जनजीवन अस्त व्यस्त हुआ है। वहीं आय के साधन भी लगभग समाप्त हुए हैं। ऐसी अवस्था में सरकार को बिजली पानी इत्यादि के बिल माफ कर आमजन को राहत देने के लिए भी मांग की है।