बिलासपुर। मांगों को लेकर आमरण अनशन पर बैठी मिड-डे मील वर्कर्स का अनशन शुक्रवार को समाप्त हो गया। इस दौरान मिड-डे मील वर्कर्स और संबंधित अधिकारियों में एक लिखित समझौता हुआ। इसके बाद आमरण अनशन पर बैठी महिलाओं को एसडीएम सदर डॉ. हरीश गज्जू व प्रारंभिक शिक्षा संयुक्त निदेशक केआर सहजल ने जूस पिलाकर अनशन समाप्त करवाया।
उल्लेखनीय है कि मिड-डे मील वर्कर्स अपनी मांगों को लेकर पहले नौ दिन क्रमिक अनशन पर बैठी रहीं। चार दिन तक महिलाओं का आमरण अनशन चला। समझौते में मिड-डे-मील वर्कर्स को करवाचौथ, रक्षा बंधन व भैयादूज की छुट्टियां देने बारे मामला प्रदेश सरकार को भेजने की बात कही गई है। मिड-डे मील वर्कर्स के स्वास्थ्य की जांच में वसूले जा रहे खर्च को माफ करने का मामला एक माह के अंदर स्वास्थ्य विभाग को भेज दिया जाएगा। इसमें एक महीने में 1200 रुपये वेतन बढ़ाने की बात कही गई है।
25 से कम संख्या वाले स्कूलों से हटाई जा रही मिड-डे मील वर्कर्स को दूसरे स्कूलों में रिक्त पड़े पदों पर समायोजित करने का प्रस्ताव प्रदेश सरकार को भेजा जाएगा। उनकी वरिष्ठता सूची बरकरार रहेगी। दो महीने की छुट्टियों का मानदेय देने का मामला प्रदेश सरकार को भेजा जाएगा।
इस समझौते पर प्रदेश सरकार की ओर से प्रारंभिक शिक्षा संयुक्त निदेशक केआर सहजल, मिड-डे-मील योजना के राज्य नोडल अधिकारी नरेश शर्मा, प्रारंभिक शिक्षा उपनिदेशक कार्यालय के अधीक्षक संतोष कुमार, मिड-डे-मील वर्कर्स यूनियन एटक की जिलाध्यक्ष कमलेश ठाकुर, महासचिव सुरेंद्रा कुमारी, जिला अध्यक्ष सुरेंद्रा कुमारी व राज्य अध्यक्ष इंद्र पाल ठाकुर ने एसडीएम सदर डॉ. हरीश गज्जू की अध्यक्षता में इस समझौता पत्र पर हस्ताक्षर किए।