अमर उजाला ब्यूरो
बिलासपुर। नौ मार्च को पेश होने वाले हिमाचल सरकार के बजट में बिलासपुर के बाशिंदों को कई उम्मीदें हैं। इस बार लोगों को उम्मीद है कि बजट में प्रदेश सरकार रोजमर्रा में उपयोग होने वाली वस्तुओं के टैक्स में कमी करेगी। बच्चों को शिक्षा संबंधी लोन में सब्सिडी देगी। पेट्रोल और डीजल पर टैक्स कम करने की उम्मीद भी इस बार लोगों को है। उम्मीद है कि बजट में व्यापारी कल्याण बोर्ड का गठन किया जाना चाहिए। लोगों ने प्रदेश सरकार से उम्मीद लगाई है कि जो निजी स्कूलों में फीस पर वृद्धि हो रही है, उस पर प्रदेश सरकार अंकुश लगाए। प्रदेश सरकार के युवाओं को भी इस बजट में बहुत उम्मीद है। इस बार युवाओं ने उम्मीद लगाई है कि युवाओं को इस बजट में नौकरी का प्रावधान किया जाएगा। बजट को लेकर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं हैं।
1. सुरेंद्र गुप्ता का कहना है कि बजट में प्रदेश सरकार को व्यापारी कल्याण बोर्ड का गठन होना चाहिए।
2. पूर्व डीपीआरओ आनंद सोहड़ ने इस बजट में प्रदेश सरकार से उम्मीद लगाई है कि इस बजट में आय कर में स्लैब में कमी करेगी, जिससे सेवानिवृत्त कर्मचारियों को परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।
3. हरिकृष्ण ने इस बजट में प्रदेश सरकार से उम्मीद की है कि इस बार जो बजट है वो जनता के पक्ष में होना चाहिए। इससे आम नागरिकों को फायदा मिलना चाहिए।
4. मनोज कुमार ने इस बजट में प्रदेश सरकार से उम्मीद लगाई है कि बजट में प्रदेश सरकार महंगाई को कम करेगी। इस बजट में युवाओं को रोजगार देने की उम्मीद है।
5. सूरज ने प्रदेश सरकार के इस बजट से उम्मीद लगाई है कि बजट में प्रदेश सरकार घरेलू उत्पाद वाली वस्तुओं को सस्ता करेगी।
6. नगर परिषद उप-प्रधान कमलेंद्र कश्यप ने उम्मीद की है कि बजट में प्रदेश सरकार रोजमर्रा की वस्तुओं पर टैक्स कम करेगी।
7. संतोष वर्मा ने बजट में प्रदेश सरकार से उम्मीद लगाई है कि निजी स्कूलों में जो फीस पर दिन-प्रतिदिन बढ़ाई जा रही है, उस पर प्रदेश सरकार अंकुश लगाए। आज शहर में सरकारी स्कूल कम हैं, जबकि निजी स्कूल ज्यादा।
8. विपुल हांडा ने बजट में प्रदेश सरकार से उम्मीद लगाई है कि इस बजट में प्रदेश सरकार बच्चों को शिक्षा संबंधी लोन की सब्सिडी दे, जो आज पेट्रोल और डीजल के दाम आसमान छू रहे हैं उसमें कमी आए।