संवाद न्यूज एजेंसी
व्यासपुर। बारिश रुकने और सोम नदी का उफान कम होने के बाद खेतों से पानी उतरा तो अपनी फसलों की हालत को देख कर किसान दुखी हो गए। फसलें रेत के नीचे दबी मिलीं। कहीं खेतों में फसलें के तेज बहाव में बही मिलीं। पानी का बहाव इतना तेज था कि खेतों में लगे पॉपुलर के पेड़ तक उखड़ गए। हिमाचल प्रदेश से आए पानी ने रणजीपुर क्षेत्र से लेकर व्यासपुर तक जमकर नुकसान पहुंचाया।
हिमाचल सीमा के साथ लगते गांव पानीवाला व उत्तमवाला में कांडी परियोजना के तहत पहाड़ों की तलहटी में बनाएं गए डैम का तटबंध टूटने से पानीवाला के किसान निर्मल सिंह, जगदीश, बिंद्र, दयाल सिंह, गौरव, जसपाल, रामचंद्र, हंसराज सहित अन्य किसानों की सैकड़ों एकड़ में खड़ी गन्ना, धान व पापुलर की फसल पानी के तेज बहाव के साथ बह गई।
ग्रामीण संजीव कुमार, अंकित, बलबीर सिंह प्रधान, पूर्णचंद, रणधीर सिंह का कहना है कि उन्होंने तीन माह पहले डीएफओ, सीएम विडो, सीएम हाउस व उपमंडल के अधिकारियों से तटबंध की मरम्मत करने की गुहार लगाई थी।
परंतु उनकी शिकायत को अधिकारियों ने गंभीरता से नहीं लिया। रामपुर कंबोयान के बलदेव सिंह, वेद प्रकाश, रामकुमार, सोहनलाल, नरेश कुमार, रमेश कुमार बिहटा, सतीश कुमार कांबोज, पवन बिहटा ने बताया कि सोम नदी में इतना पानी कई वर्षो के बाद आया। पानी से धान, गन्ना, सफेदा, पॉपुलर व पशुओं के चारे की फसल गाद में दब गई। पशुओं के चारे के लाले पड़ गए व किसानों के सामने रोजी रोटी के लाले पड़ गए हैं। किसी बड़े अधिकारी ने गांव में मुआयना नहीं किया।
रामपुर गेंदा पुल से कारों की आवाजाही भी रोकी
रामपुर गेंदा गांव के निकट सोमनदी पर बने पुल को भी बाढ़ से काफी नुकसान हुआ है। पुल के काठगढ़ की तरफ से एक स्पैन के नीचे से मिट्टी खिसक चुकी हैं। पुलिस ने पुल से गुजरते समय कोई बड़ा हादसा न हो इसलिए भारी वाहनों के बाद अब कारों की आवाजाही को भी रोक दिया गया है।
भगवानपुर में ओवरफ्लो डैम बढ़ा रहा चिंता
गांव बनकट, भमनौली, भगवानपुर, अलीशेरपुर माजरा, रामपुर कांबोयान, मलिकपुर बांगर, बसातियांवाला समेत दर्जनों गांवों में धान व गन्ने की फसल पानी में डूबी हुई है। नदी का जलस्तर कम होने के बाद रणजीतपुर-धनौरा मार्ग पर यातायात फिर से बहाल हो गया है। सोमनदी व अन्य बरसाती नालों ने भारी कहर बरपाया। भगवानपुर गांव में कांडी परियोजना के तहत बना डैम ओवरफ्लो होने से कईं गांवों को बाढ़ का भय सता रहा है।गांववासियों ने बताया कि यदि डैम टूट गया तो कई गांवों में बाढ़ आ जाएगी। सबसे अधिक नुकसान मलिकपुर बांगर गांव के किसानों को हुआ है।
सोम नदी के पानी से खराब हुई फसल। संवाद
सोम नदी के पानी से खराब हुई फसल। संवाद
सोम नदी के पानी से खराब हुई फसल। संवाद
सोम नदी के पानी से खराब हुई फसल। संवाद