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Yamuna Nagar News: कायमपुरा रतनपुरा गांव के ग्रामीण थर्मल राख से परेशान, गांव को शिफ्ट करो सरकार

Sat, 05 Apr 2025 02:19 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
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यमुनानगर। 1107 एकड़ में फैले दीनबंधु छोटूराम थर्मल पावर प्लांट से सटे रतनपुरा व कायमपुर गांवों के लोग घरों में कैद होने को मजबूर हैं। मुख्य कारण थर्मल प्लांट से 24 घंटे चिमनी से गिर रही राख है। ऐसे में थर्मल की उड़ कर आ रही काली राख ने ग्रामीणों के जीवन को नासूर बना दिया है। परेशान हो चुके ग्रामीण अब अपने गांव को दूसरी जगह शिफ्ट करने की मांग पर अड़ गए हैं।
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जबकि, भविष्य में थर्मल के अंदर ही नई 800 मेगावाट यूनिट भी स्थापित होनी है। ऐसे में तब क्या हालात होंगे, इस बात को लेकर ग्रामीण चिंतित हैं। इसलिए ग्रामीणों ने इसका विरोध शुरू कर दिया है। वहीं शुक्रवार को ग्राम पंचायत कायमपुरा के गांव रतनपुरा के लोग अपने गांव को दूसरी जगह पर शिफ्ट करने की मांग को लेकर जिला सचिवालय डीसी से मिलने के लिए पहुंचे, परंतु डीसी के नाम मिलने पर एसडीएम से मिलकर उन्हें अपनी समस्या से अवगत कराया। वहीं, ग्रामीणों ने बताया कि चिमनी से निकलने वाली राख और कूलिंग टावर से हर समय गिरने वाली भाप की बूंदों से लोग परेशान हो गए हैं। भाप का पानी बारिश की तरह सारे गांव व आसपास के खेतों में टपकता है।
राख के कारण एलर्जी की चपेट में आ रहे हैं ग्रामीण
गांव रतनपुरा के पूर्व सरपंच गोपाल सिंह, पूर्व सरपंच जितेंद्र, राजकुमार सरपंच, धर्मेंद्र राणा रतनपुरा, बृजपाल राणा, सतेंद्र राणा, तारा सिंह, सिंगराम,श्रवण राणा, सतीश राणा, गुलाब राणा, जितेंद्र सरदार, रमेश राणा, शीशपाल व अन्य ने बताया कि दीनबंधु छोटू राम थर्मल पावर प्लांट ग्राम पंचायत कायमपुर में स्थित है। इस ग्राम पंचायत में कायमपुरा व रतनपुरा दोनों गांव आते हैं। रतनपुरा के पूर्व सरपंच जितेंद्र राणा ने बताया कि थर्मल से लगातार गिर रही राख के कारण ज्यादातर लोग एलर्जी के शिकार हैं। आंखों में जलन रहती है, शरीर पर लाल रंग के दाने निकलते रहते हैं। लोग कोई भी सामान घर के बाहर नहीं रख पाते। यहां तक कपड़े भी अंदर ही सुखाने पड़ते हैं। जैसे ही बाहर रखेंगे तो थर्मल की राख से वह काले हो जाते हैं। इसी तरह राख पशुचारे पर भी गिरती है, जिससे पशुचारा भी नहीं खाते। प्रदूषण के चलते इस पंचायत में 4 से 5 मौत प्रत्येक महीने होती है। जिस कारण गांव में डर का माहौल है। पूर्व सरपंच जितेंद्र ने बताया कि अब डीसी ने शनिवार को उन्हें सुबह अपने कार्यालय में बुलाया है।
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