संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। जिले के सरकारी स्कूलों से अध्यापकों की कमी दूर नहीं हो पा रही है। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। ठीक यही हालात राजकीय आदर्श संस्कृति प्राथमिक स्कूल शादीपुर के हैं, जहां 457 विद्यार्थियों को पढ़ाने के लिए महज दो ही अध्यापक हैं। जिन पर पढ़ाने के साथ बीएलओ, मिड डे मील व स्कूल की डाक व कार्यालय के काम भी हैं।
स्कूल के जेबीटी भूषण जगदीप ने बताया कि यहां बाल वाटिका से लेकर कक्षा पांच तक 457 विद्यार्थी पढ़ते हैं। पहले 12 अध्यापक थे। इनमें से 10 अध्यापकों का तबादला होने से उनके व एक अध्यापिका के अलावा स्कूल में कोई स्टाफ नहीं है। उन्होंने बताया कि सरकार ने उनकी ड्यूटी बीएलओ के लिए भी लगा रखी है।
एक अध्यापिका मिड डे मील व कार्यालय की डाक भी देखती हैं। इससे स्कूल के विद्यार्थियों की पढ़ाई को नुकसान हो रहा है। इस बारे शिक्षा विभाग को अवगत कराया जा चुका है, पर अभी तक कोई अध्यापक व स्टाफ यहां नियुक्त किए गए। उन्होंने बताया कि पंचकुला से अतिथि अध्यापक यहां आने के लिए तैयार हैं, पर सरकार उन्हें भेज नहीं रही। अगर जल्द स्कूल में अध्यापकों व स्टाफ की नियुक्ति नहीं की गई तो विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होगी। इसलिए शिक्षा विभाग व सरकार को इस ओर ध्यान देना चाहिए।