संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। नशा तस्करी को रोकने के लिए पुलिस ने रणनीति तैयार की है। अब बॉर्डर पर लगने वाले नाकों पर सख्ती की जाएगी। जिससे बाहर से आने वाले तस्करों पर रोक लगाई जा सके। साथ ही मुखबिर तंत्र को भी मजबूत कर नशा तस्करी पर लगाम लगाई जाएगी। साथ ही तस्करी के आरोप में जेल गए आरोपियों पर भी शिकंजा कसा जाएगा।
यमुनानगर जिला हिमाचल और यूपी के बॉर्डर पर स्थिति है। जिस कारण यहां पर नशा तस्करों का नेटवर्क अपनी जड़े गहराई तक जमा चुका है। अमर उजाला के नशे के खिलाफ चल रहे अभियान में डीजीपी ने भी अब नशा तस्करों से सख्ती से निपटने के निर्देश दिए हैं। जिसके बाद यमुना नगर पुलिस भी पूरी तरह से मुस्तैद हो गई है। एसपी ने क्राइम मीटिंग में नशा तस्करी को रोकने के लिए जिला पुलिस को सख्त निर्देश दिए थे।
नशा तस्करी की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए यमुनानगर की अंतरराज्यीय सीमाओं पर चौकसी बढ़ाई जाएगी। नाकों पर वाहनों की सघन चैकिंग की जाएगी। साथ ही संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जाएगी। इसके साथ ही एसपी ने एंटी नारकोटिक सेल को भी मुखबिर मंत्र को मजबूत कर तस्करों पर शिकंजा कसने के निर्देश दिए गए हैं।
एसपी राजीव देसवाल ने कहा कि नशा तस्करी की घटनाओं को रोकने के लिए जिला पुलिस पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। नशा तस्करी में संलिप्त अपराधियों के खिलाफ अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई होगी। इसके लिए टीमों को निर्देश दिए गए हैं।