संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। प्रतापनगर थाना क्षेत्र के खिजरी गांव की रजिया की जहरीला पदार्थ निगलने से हुई मौत के मामले में शनिवार को यमुनानगर सिविल अस्पताल में पोस्टमार्टम हाउस के बाहर परिजनों ने हंगामा कर दिया। परिजनों का आरोप था पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। परिजनों पुलिसकर्मियों को जमकर खरी-खोटी सुनाई। गुस्साए परिजनों ने अस्पताल के सामने से गुजर रहे रेलवे रोड को जाम करने की चेतावनी दे डाली।
इसके बाद पुलिस की गाड़ियां मौके पर पहुंची और प्रतापनगर के एसएचओ सतनाम सिंह भी पहुंच गए। पुलिस ने काफी देर तक परिजनों को शांत करने का प्रयास किया। परिजन ठोस कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन मिलने परिजन शांत हुए। इसके बाद शव का पोस्टमार्टम करा परिजनों को सौंप दिया गया। उल्लेखनीय है रजिया ने शुक्रवार को जहरीला पदार्थ निगलकर आत्महत्या कर ली थी।
कुरुक्षेत्र के छपरी गांव निवासी शादीराम ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसकी बेटी रजिया उर्फ रजनी का 11 वर्ष पहले गांव खिजरी निवासी मोहम्मद सुल्तान के साथ निकाह हुआ था। रजिया की सात वर्ष की एक बेटी है। आरोप है कि मोहम्मद सुल्तान अक्सर रजिया के साथ मारपीट करता था। कई बार आपसी पंचायतें भी हुई और अब भी रजिया पंचायत के माध्यम से अपनी ससुराल गांव खिजरी आई थी। इसके बावजूद उसका दामाद उसकी बेटी के साथ मारपीट करता था।
आरोपी मोहम्मद सुल्तान की बहन बिल्किशा भी रजिया के साथ मारपीट करती थी। इसके चलते शुक्रवार को उसने जहरीला पदार्थ निगल लिया। अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। आरोपी मोहम्मद सुल्तान की बहन बिल्किशा तलाकशुदा है। वह भी गांव खिजरी में ही रह रही है। कई बार रजिया ने मायके वालों को बताया कि पति व उसकी बहन बिल्किशा उसके साथ मारपीट करते हैं। आरोप है कि आरोपियों ने उसकी बेटी को आत्महत्या करने के लिए विवश किया। इसी के चलते उसकी बेटी ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या की।
प्रतापनगर थाना के जांच अधिकारी ओमप्रकाश का कहना है कि मृतका के पति व उसकी ननद पर आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज किया है। मामले की जांच की जा रही है। उधर, थाना प्रतापनगर एसएचओ सतनाम सिंह का कहना है कि पुलिस पर आरोप निराधार है। मामले में जांच चल रही है। जांच रिपोर्ट के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।