संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। शहर जल्द ही दूधिया रोशनी से जगमग होगा। नगर निगम सभी वार्डों में में 35,200 एलईडी लाइटें लगाने जा रहा है।हर वार्ड के हिस्से करीब 1800 लाइट आएंगी। लाइटें लगाने के लिए नगर निगम के अधिकारी औपचारिकताएं पूरी कर रहे हैं, जिसमें 15 दिन का समय लग सकता है। इसके बाद जून के पहले सप्ताह में यह लाइटें लगने लगेंगी। यह काम डेढ़ से दो माह में पूरा होने की उम्मीद है।
नगर निगम के सभी 22 वार्डों में सभी पुराने ट्यूब, बल्ब, सोडियम व सीएफल लाइटें बदली जा रहीं हैं। इनकी जगह एलईडी लाइटें लग रही हैं। ऐसे कुल 13 हजार प्वाइंट के साथ नए 28 हजार प्वाइंट पर एलईडी लाइटें लगेंगी। हालांकि परियोजना दो साल पहले तैयार हो गई थी, पर औपचारिकताएं पूरी करने में समय लगा।
गत वर्ष में हुए तीन चुनावों के चलते प्रक्रिया लटकी। इस बीच चुनिंदा वार्डों में 41 हजार में 5800 एलईडी लाइट लगीं। नए सदन की पहली बैठक में बाकी एलईडी लाइट लगाने का मुद्दा पार्षदों ने उठाया। इस पर सीएम की मंजूरी पर निगम अफसर बाकी 35,200 लाइट सहित उन्हें लगाने का सामान लेने की औपचारिकताएं पूरी कर रहे हैं।
परियोजना पर कुल 38 करोड़ खर्च आने का अनुमान है। इसका काम दिव्य नगर योजना में हो रहा है। एलईडी लाइटें स्मार्ट लाइटिंग सिस्टम पर चलेंगी। इसके लिए कन्हैया साहिब चौक समीप स्थित नगर निगम के कार्यालय में आईटी बेस कॉमन कंट्रोल एंड मॉनिटरिंग सिस्टम (सीसीएमएस) तैयार होगा। जहां किसी भी लाइट के खराब होने पर सीसीएमएस से पता चल जाएगा।
निगम कर्मियों को खराब लाइट का पता करने के लिए न तो शिकायत का इंतजार करना पड़ेगा और न ही उसे ढूंढने के लिए भटकना पड़ेगा। यह लाइटें कार्यालय से ही बंद व चलाई जा सकेंगी। अलग से ऑपरेटर की जरूरत नहीं होगी। साथ ही ट्यूब, बल्ब, सोडियम व सीएफल लाइटों की तुलना में एलईडी लाइटों कम बिजली खपत होती है, इस पर स्ट्रीट लाइट के बिजली बिलाें में भी बड़ी कटौती होगी।