संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। शहर के प्रमुख बाजार और व्यस्त मार्गों पर बढ़ते अतिक्रमण ने राहगीरों की परेशानी बढ़ा दी है। फुटपाथों पर दुकानदारों और रेहड़ी ठेली वालों के द्वारा सामान रखे जाने के कारण लोगों के लिए पैदल चलने तक की जगह नहीं बची है। मजबूरी में राहगीरों को सड़क पर चलना पड़ रहा है, जिससे हर समय दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
हालात यह हैं कि शहर के रेलवे रोड, वर्कशाप रोड, यमुनानगर जगाधरी रोड पर कई दुकानदारों ने अपनी दुकानों का सामान करीब 10 फीट तक सड़क की ओर फैला रखा है। कहीं कपड़े, फर्नीचर और घरेलू सामान रखा गया है तो कहीं रेहड़ी और ठेलों ने फुटपाथ पूरी तरह घेर लिया है।
ऐसे में बुजुर्ग, महिलाएं, बच्चे और दिव्यांग सबसे अधिक परेशान हो रहे हैं। उन्हें वाहनों के बीच से होकर गुजरना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बाजार में दिनभर वाहनों की आवाजाही रहती है। फुटपाथ पर कब्जा होने के कारण सड़क पर पैदल चलना मजबूरी बन गया है। कई बार दोपहिया और चारपहिया वाहनों से टक्कर लगते-लगते बची है। भीड़भाड़ के समय स्थिति और अधिक गंभीर हो जाती है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर निगम और प्रशासन की ओर से समय-समय पर अतिक्रमण हटाने के अभियान चलाए जाते हैं, लेकिन कुछ दिनों बाद फिर से फुटपाथों पर कब्जा हो जाता है। स्थायी समाधान नहीं होने से समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। शहरवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त कराया जाए और नियमित निगरानी की व्यवस्था की जाए, ताकि पैदल चलने वालों को सुरक्षित रास्ता मिल सके।
यातायात पुलिस शहर में अतिक्रमण के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है, शहर के नागरिकों की समस्या के समाधान के लिए टीम भेजकर मुख्य मार्गों को अतिक्रमण मुक्त कराया जाएगा। वहीं नगर निगम के साथ मिलकर संयुक्त रूप से जल्द अभियान चलाया जाएगा। - संदीप कुमार, यातायात प्रभारी
यमुनानगर जगाधरी रोड पर सड़क किनारे किया गया अतिक्रमण। संवाद