संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। जिले के राजकीय विद्यालयों में यदि व्यवस्थाएं दुरुस्त नहीं होंगी तो अधिकारियों और मुखियाओं पर कार्रवाई की जाएगी। यह कार्रवाई हरियाणा विद्यालय शिक्षा निदेशालय की ओर से की जाएगी। राजकीय विद्यालयों का निरीक्षण मुख्यमंत्री कार्यालय की टीम करेगी। ऐसे में निदेशालय ने आदेश दिए कि सभी विद्यालयों की व्यवस्था 15 मई तक दुरुस्त कर ली जाएं।
निदेशालय ने विद्यालयाें में शौचालय, पेयजल, मध्यान्ह भोजन, रसोई व्यवस्था, सूचना प्रौद्योगिकी ढांचा और विज्ञान प्रयोगशालाओं की व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए कहा है। निर्देशों के अनुसार मुख्यमंत्री कार्यालय की टीम की ओर से प्रदेशभर के विद्यालयों का निरीक्षण किया जा रहा है और फोटो व डाटा एकत्र किया जा रहा है। ऐसे में किसी भी स्तर पर कमी मिलने पर संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे 15 मई तक अपने क्षेत्र के विद्यालयों का दौरा कर पांच प्रमुख सुविधाओं का विश्लेषण सुनिश्चित करें। यदि कमी मिलती है, तो निरीक्षण करने वाला अधिकारी भी जिम्मेदार माना जाएगा। सफाई और रखरखाव को लेकर भी विभाग ने सख्त रवैया अपनाया है। जिन विद्यालयों में माली और सफाई कर्मचारी हैं, वहां गंदगी, पेयजल की कमी या सूखे पौधे मिलने पर मुखिया के साथ कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
यही नहीं जिन विद्यालयों को मरम्मत के लिए धनराशि नहीं मिली या आवश्यकता है, उन्हें तीन दिन में मांग संबंधित खंड शिक्षा अधिकारी को भेजने के निर्देश दिए हैं। यदि निर्धारित समय मांग नहीं भेजी जाती है, तो विद्यालयों में संसाधनों की कमी नहीं है यह स्थिति मान ली जाएगी। वहीं, निरीक्षण के दौरान कोई भी कमी मिलेगी तो सीधी कार्रवाई की जाएगी।
आधार कार्ड न होने पर रुकेंगे नहीं दाखिले
निदेशालय ने आदेश दिए हैं कि राजकीय विद्यालय में किसी विद्यार्थी का दाखिला न रोका जाए। दाखिला प्रक्रिया लेकर भी निदेशालय ने कहा कि किसी भी बच्चे का प्रवेश आधार कार्ड या परिवार पहचान पत्र के अभाव में नहीं रोका जाएगा। कुछ विद्यालयों में दाखिले और नामांकन की स्थिति कमजोर है और कई विद्यार्थी दोबारा प्रवेश लेने के बजाए स्कूल छोड़ रहे हैं, जो चिंता का विषय है। ऐसे में सभी स्कूलों को हर बच्चे का दाखिला सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। निदेशालय ने आदेश दिए हैं कि विद्यालयों में कक्षाएं नियमों के अनुसार लगाई जाएं और समय-सारणी का पालन सुनिश्चित किया जाए। यही नहीं कम विद्यार्थियों पर अलग सेक्शन बनाना गंभीर लापरवाही मानी जाएगी।
निदेशालय की ओर से विद्यालयों की व्यवस्था दुरुस्त करने के आदेश दिए गए हैं। खंड शिक्षा अधिकारियों के साथ जिलास्तर की टीम विद्यालयों का निरीक्षण करेगी। निरीक्षण के दौरान किसी भी प्रकार की कमी मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। -प्रेमलता बक्शी, जिला शिक्षा अधिकारी।