यमुनानगर। नगरपालिका कर्मचारी संघ एवं सर्व कर्मचारी संघ का सम्मेलन इकाई प्रधान पपला के नेतृत्व में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का संचालन इकाई सचिव प्रवेश परोचा ने किया। बैठक में सर्व कर्मचारी संघ के आह्वान पर 22 जुलाई को डीसी कार्यालय पर होने वाले आक्रोश प्रदर्शन को लेकर चर्चा व रूपरेखा तैयार की गई।
इस दौरान गूगल एप्लिकेशन 311 पर सफाई कर्मचारियों की हाजरी और अन्य समस्याओं को लेकर चर्चा की गई। सम्मेलन में राज्य कमेटी के राज्य सचिव मांगेराम तिगरा, जिला प्रधान महिपाल सौदे, जिला सचिव गुलशन भारद्वाज, सदस्य रिंकू कुमार ने कर्मचारियों को आक्रोश प्रदर्शन में भाग लेने का आमंत्रण दिया।नेताओं ने कहा कि निगम में करीब 650 पे-रोल व नियमित सफाई कर्मचारी कार्यरत हैं। इसमें से 100 सफाई कर्मचारी अधिकारियों की कोठियों, 60 कर्मचारी नालों, 50 डोर टू डोर की गाड़ियों पर लगे हुए हैं। शेष सफाई कर्मचारियों से निगम सारे शहर की सफाई करवाना चाहता है, जो संभव नहीं है।
नेताओं ने कहा कि जिले का सफाई कर्मचारी एक दिन का सामूहिक अवकाश लेकर आक्रोश प्रदर्शन में शामिल होकर हाजरी एप्लिकेशन 311 का विरोध करेंगे। एसकेएस नेताओं ने कहा कि कर्मचारी लंबे समय से सड़कों पर आंदोलन कर रहे हैं लेकिन कर्मचारियों कि बात सुनने की बजाए उनकी आवाज दबाई जा रही है।
प्रदेश के इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है कि सरकार ने 10 साल में कर्मचारी पक्का नहीं किया है। इसके विपरीत नियमितीकरण की नीति को पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में चैलेंज करवा दिया। इसके अलावा कच्चे और पार्ट टाइम कर्मचारियों के वेतन में चार साल से वृद्धि नहीं की गई।
सालों बाद कौशल निगम के कर्मचारियों के वेतन में आठ प्रतिशत की मामूली वृद्धि की गई है। कुछ विभागों में 20 साल से बहुत कम वेतन में कार्य कर रहे कच्चे कर्मचारियों पर बेरोजगारी की तलवार लटकी रही है।
इन सभी मुद्दों को लेकर 22 जुलाई को तमाम सरकारी विभागों के कर्मचारी भाई कन्हैया साहिब चौक पर जमा होंगे। यहां से जुलूस की शक्ल में डीसी कार्यालय पहुंचेंगे। डीसी को मुख्यमंत्री के नाम मांगों का ज्ञापन सौंपा जाएगा। इस दौरान मौके दौरान उपप्रधान बलदीप तुंबी, रमेश कुमार, सोरण दलोर, रमन, जीतो, कमलेश सहित अन्य उपस्थित रहे।