संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। नगर निगम ने त्योहारों के दिनों में शहर की सड़कों पर लगने वाले जाम से लोगों को हो रही परेशानी को देखते हुए शुक्रवार को दुकानों के आगे से अतिक्रमण हटाया । इस दौरान टीम ने जगाधरी वर्कशॉप रोड पर स्थित पेपर मिल गेट से लेकर रेलवे स्टेशन रोड पर दुकानों के बाहर रखा सामान जब्त कर लिया। लोगों ने कार्रवाई का विरोध भी किया पर अधिकारियों ने किसी की एक न सुनी। इस दौरान दो-दो एसएचओ थाना शहर यमुनानगर प्रभारी नरेंद्र सिंह व ट्रैफिक थाना प्रभारी दर्जनभर पुलिसकर्मियों व होमगार्ड के साथ मौके पर मौजूद रहे। अतिक्रमण नगर निगम के विशेष अधिकारी अनिल कुमार यादव की देखरेख में हटाया गया। चीफ सेनेटरी इंस्पेक्टर अनिल नैन भी मौजूद रहे।
इस दौरान कई दुकानदारों का चालान भी किया गया। त्योहारों के दिनों में शहर में सबसे ज्यादा जाम रेलवे स्टेशन यमुनानगर रोड व जगाधरी वर्कशाप रोड पर पेपर मिल गेट पर रहता है। अधिक बिक्री हो इसके लिए दुकानदार अपना सामान दुकान से 15 से 20 फीट आगे तक सड़क पर रख लेते हैं। वहीं ऐसे लोग भी हैं जो रेहड़ी, फड़ी लगाकर सड़कों किनारे सामान बेचते हैं। इससे सामान खरीदने आने वाले लोगों को अपने वाहन पार्क करने की जगह नहीं मिलती। लोग मजबूरन सड़कों पर ही आड़े-तिरछे वाहन खड़े कर देते हैं। ऐसा करने से सड़कें संकरी हो जाती हैं और वाहन निकलने की जगह न मिलने से जाम लग जाता है। इससे लोगों को काफी परेशानी होती है। लोगों की इसी परेशानी को देखते हुए शुक्रवार को नगर निगम की टीम धरातल पर उतरी और यह कार्रवाई की। टीम पूरी तैयारी के साथ आई थी। लोगों का सामान जब्त करने के लिए ट्रैक्टर-ट्रालियां लाए गए थे। जिसका भी सामान सड़कों पर मिला उसे उठाकर ट्रालियों में डालते रहे। देखते ही देखते ट्रालियां फुल होती गई। ड्राइवर सामान को नगर निगम के स्टोर में जमा करवा कर वापस आते रहे। कई दुकानदारों ने दुकानों के आगे टैंट लगाए हुए थे, जिनमें बेचने के लिए सामान रखा हुआ था। सारे टैंट नगर निगम की टीम ने उतरवा दिए। इस दौरान कई वाहन ऐसे थे जो सड़कों पर आडे-तिरछे खड़े थे, इनका चालान पुलिस ने किया।
हाउस की बैठक में भी हुई थी अतिक्रमण पर चर्चा:
एक दिन पहले वीरवार को नगर निगम हाउस की बैठक जिमखाना क्लब में हुई थी। इसमें भी शहर की सड़कों पर अतिक्रमण पर चर्चा की गई थी। पार्षदों ने यहां तक कहा था कि त्योहारों के दिनों में काफी गरीब लोग सड़कों किनारे व डिवाइडर पर बैठ कर सामान बेचते हैं। इससे उनके घर का चूल्हा जलता है। इसलिए दीपावली व अन्य त्योहारों तक कोई भी सामान बेच रहे गरीब आदमी को परेशान न किया जाए और न ही उन्हें सड़कों से हटाया जाए। सभी पार्षदों ने सर्वसम्मति से इसका समर्थन किया था। इस पर नगर निगम के आयुक्त महाबीर प्रसाद ने कहा था कि अतिक्रमण हटाना है या नहीं इसका निर्णय लेने के लिए वह निगम के विशेष अधिकारी अनिल कुमार यादव को अधिकृत करते हैं। व्यावहारिक रूप से जो भी निर्णय लेना है वही लेंगे। बैठक के अगले ही दिन निगम ने यह कार्रवाई कर दी।
रेलवे स्टेशन पर अतिक्रमण को हटाती निगम की टीम। संवाद- फोटो : कैसरगंज के गोड़हिया नंबर तीन में भेड़िया के हमले में घायल अनीता का इलाज करते चिकित्सक।