यमुनानगर। संस्था रामकृष्णन वेल्फेयर सोसाइटी की ओर से विद्यार्थियों शिल्पकला प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान संजीव कुमार, ज्योति, गीता, संगीता, रितु व चरणजीत ने हस्तशिल्प मास्टर प्रशिक्षकों की ओर से विद्यार्थियों को दरी बुनाई, हाथ की कढाई, पंखी बुनाई, पेंटिंग आदि करना सिखाया गया।
वहीं प्रशिक्षण के दौरान निफ्ट के विद्यार्थियों ने ग्रामीण क्षेत्र में दरी बुनाई, हाथ की कढ़ाई, क्रोशिया आदि का कार्य करने वाले हस्तशिल्प कारीगरों के साथ विचार साझा किए। फैशन डिजानिंग विभागाध्यक्ष सुरुति गुप्ता ने कहा है कि ग्रामीण कारीगरों के साथ विचार सांझा करने के बाद निफ्ट के विद्यार्थियों को पता चला कि आज के आधुनिक मशीनी युग में भी ग्रामीण क्षेत्र में भारतीय शिल्पकला जीवंत देखने को मिलती है।