संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। आईटीआई में दाखिला पाने के लिए विद्यार्थियों को एक और मौका मिला है। विभाग ने रिक्त सीट भरने के लिए छठा चरण चलाने की योजना बनाई है। इसके लिए सभी संस्थान के प्रबंधकों व नोडल अधिकारियों के पास पत्र भेजकर अधिसूचना जारी की है।
छठे चरण में विद्यार्थियों को मौके पर ही दाखिला (ऑन द स्पॉट) दिया जाएगा। विभाग को उम्मीद है कि यह चरण आखिरी होगा और इसमें सभी खाली सीटें भर जाएंगी। इस बार आशा से अधिक पंजीकरण होने के बाद भी अभी तक सीटें नहीं भर पाई हैं। विभाग को उम्मीद थी कि चार चरणों में ही संस्थान की सभी सीटें भर जाएंगी।
पंजीकरण व आवेदन के अनुरूप विद्यार्थियों ने दाखिला लेने में रुझान नहीं दिखाया, जिससे आईटीआई की सीटें भर नहीं पाई हैं। इस पर विभाग ने पांचवां चरण करवाया था, इस चरण में भी सीटें भर नहीं पाई। इसके बाद अब विभाग ने छठा चरण करवाने की योजना बनाई है। यह चरण कुल सात दिन चलेगा, जिसमें विद्यार्थियों को आवेदन के साथ ही सीट जारी की जाएगी। दाखिला के साथ ही विद्यार्थियों को फीस भी भरनी होगी।
छठा चरण 13 से 19 दिसंबर तक चलेगा। इस दौरान विद्यार्थियों को संस्थान पहुंचकर आवेदन करना होगा। आवेदन के साथ ही सीट अलॉट कर दी जाएगी। दस्तावेज की जांच के बाद प्रवेश दिया जाएगा। विद्यार्थियों को फीस भी साथ ही जमा करवानी होगी। इस प्रक्रिया में पुरानी व नई मेरिट सूची को आधार मानकर सीट जारी की जाएगी। प्रक्रिया में किसी प्रकार का आरक्षण लागू नहीं होगा।
विद्यार्थियों के लिए बनाए गए सहायता केंद्र
दाखिला लेने आने वाले विद्यार्थियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए संस्थान में सहायता केंद्र स्थापित किए गए हैं। केंद्र पर विद्यार्थियों को प्रक्रिया में शामिल होने के लिए पहले से ही तैयार किया जाएगा। दस्तावेजों को क्रमानुसार लगाना इत्यादि कार्य भी यहां दुरुस्त करवाए जाएंगे। इसके लिए संस्थान ने छह टीमों का गठन किया है। प्रत्येक टीम में तीन-तीन सदस्य हैं। संस्थान में कुल छह सहायता केंद्र स्थापित किए गए हैं।
काउंसलिंग में पहुंचे विद्यार्थी : बेनीवाल
आईटीआई यमुनानगर के प्रिंसिपल एवं नोडल अधिकारी मनदीप सिंह बेनीवाल ने बताया कि छठे चरण के लिए आवेदन शुरू हो चुके हैं। 18 दिसंबर तक आवेदन प्राप्ति किए जाएंगे। दाखिला प्रक्रिया 19 दिसंबर तक चलेगी। उन्होंने कहा कि इस चरण की काउंसलिंग 13 दिसंबर से शुरू हो जाएगी। सोमवार को विद्यार्थी संस्थान पहुंचे और काउंसलिंग में शामिल हों।