संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। वर्क परमिट पर दुबई भेजने के नाम पर पांच युवकों व एक युवती से 14 लाख 10 हजार रुपये हड़प लिए गए। आरोप मध्यप्रदेश के जिला ग्वालियर के गांव बिलौरा निवासी नीरज कुमार, उसकी पत्नी नीतिका शर्मा, बेटी महक शर्मा व आईटीआई के नजदीक रहने वाले रोहित पर लगा है। शहर पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया।
लाजपत नगर निवासी शिल्पा ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि फरवरी 2020 में वह अपने दोस्त पेपर मिल कॉलोनी 200 क्वार्टर निवासी सन्नी के साथ सिंगापुर घूमने के लिए गई थी। मार्च 2020 में लॉकडाउन लग गया। इस पर सिंगापुर सरकार ने उन्हें अलग-अलग रूम दे दिए। वहां पर उसका दोस्त सन्नी अलग रह रहा था।
वहां पर सन्नी को मध्यप्रदेश के जिला ग्वालियर के गांव बिलौरा निवासी नीरज कुमार मिला। आरोपी ने उसे कहा कि वह लोगों को विदेश भेजकर काम दिलवाने का काम करता है। अगर वह वर्क परमिट पर विदेश जाना चाहते हैं तो वह उनको विदेश भेजकर अच्छी कंपनी में नौकरी दिलवा देगा। मई 2020 में वह भारत वापस आ गए। इसके बाद रोहित का सन्नी के पास फोन आया। आरोपी ने उन दोनों को वर्क परमिट पर दुबई भेजकर कंपनी में नौकरी दिलवाने का झांसा दिया।
आरोपी नीरज ने उनसे प्रति व्यक्ति दो लाख 35 हजार रुपये मांगे। आरोपी ने अपनी बेटी महक को कैंप इंचार्ज, सन्नी को कैंप इंचार्ज व उसे वीपीसी हैड बनाया था। उसने आरोपी पर विश्वास करके रोहित को दो लाख 35 हजार रुपये दे दिए। इसके बाद आरोपी नीरज ने उन्हें कहा कि अगर उनका कोई दोस्त दुबई जाना चाहता है तो वह उन्हें भी दुबई भेज सकता है। उसके दोस्त सन्नी ने अपने दोस्त अंबाला निवासी गौरव जोहरिया, शहजादपुर निवासी अमनदीप सिंह, राजपुरा पंजाब निवासी हरप्रीत सिंह व धर्मेंद्र कुमार से बात की तो वह दुबई जाने के लिए राजी हो गए।
आरोपी ने कुछ दिन बाद उनके भी दो साल का वर्क वीजा भेज दिया और उसने भी प्रति व्यक्ति दो लाख 35 हजार रुपये ले लिए। काफी दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों ने उन्हें दुबई नहीं भेजा। जब उसने वीजा की जांच की तो वह फर्जी मिले। उसने आरोपियों से पैसे वापस मांगे तो उन्होंने पैसे देने से मना कर दिया और उन्हें जान से मारने की धमकी दी। शहर थाना प्रभारी जगदीश चंद्र का कहना है कि शिकायत के आधार पर सभी आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच की जा रही है।