संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। महेंद्रगढ़ के कनीना में हुए हादसे के बाद जिले में रविवार को निजी स्कूल बसों की जांच का काम पूरा हो गया। 17 से 28 अप्रैल तक जिला परिवहन विभाग की तरफ से कुल 132 बसों की जांच की गई। इनमें से केवल 41 बसें ही मानकों पर खरा उतरते हुए पास हुई और 91 बसों को अनफिट घोषित किया गया।
जांच के दौरान इतनी बड़ी संख्या में बसों का अनफिट मिलना सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलने के लिए काफी है। छोटे-छाेटे बच्चे स्कूल बसों में अपनी जान को जोखिम में डाल कर सफर कर रहे हैं। ऐसे में अनफिट बसों में उनके साथ कब और कहां हादसा हो जाए कुछ कहा नहीं जा सकता। रविवार को पासिंग स्थल पर परिवहन विभाग के जिला ट्रांसपोर्ट इंस्पेक्टर जसबीर राणा व एमवीआई अनिल कुमार ने कुल 21 बसों की जांच की।
इनमें से 8 को फिट व 13 को अनफिट घोषित किया गया। 17 अप्रैल से अब तक की गई जांच के दौरान सभी स्कूल बसों में लगभग एक जैसी ही शिकायतें मिली हैं। बसों के सीसीटीवी काम नहीं रहे, फर्स्ट एड बसों में एक्सपायर दवाई, पायदान का ठीक न होना, इमरजेंसी दरवाजों का बंद मिलना, फटी सीट व बसों पर इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर नहीं लिखे मिले। कुछ बसें जांच में ऐसी भी मिली जिनमें केवल छोटी-मोटी खामी थी, उन्हें मैकेनिक व पेंटर की मदद से दूर कराया गया।
ज्ञात हो कि महेंद्रगढ़ में हुए स्कूल बस हादसे के बाद परिवहन विभाग ने निजी स्कूलों में जाकर बसों की जांच शुरू की थी। निजी स्कूलाें ने बैठक कर हड़ताल करने की धमकी दी थी। जिस पर प्रशासन ने स्कूलों को बसों की खामियां दूर करने के लिए 30 अप्रैल तक का समय दिया गया था। इसके लिए जिला परिवहन विभाग की तरफ से शनिवार व रविवार को भी पासिंग स्थल पर बसों की जांच की गई।
वहीं बसों की जांच कराने में निजी स्कूलों ने एक बार फिर से जिला प्रशासन के आदेशों को दरकिनार कर दिया। प्रशासन ने स्कूल संचालकों से कहा था कि वह अपनी बसों की जिला परिवहन विभाग से जांच कराए ताकि पता चल सके की उनकी बस फिट है या नहीं।
वहीं 17 अप्रैल से 28 अप्रैल तक मात्र 132 स्कूल बसें ही जांच के लिए पहुंची। जिले में करीब 350 स्कूल हैं, जिनमें 900 बसें बच्चों को लाने व ले जाने में लगी हुई हैं। इसी से पता चलता है कि निजी स्कूल संचालक बच्चों की सुरक्षा को लेकर कितने गंभीर हैं।
आदेश के अनुसार करेंगे कार्रवाई : जसबीर राणा
जिला ट्रांसपोर्ट इंस्पेक्टर जसबीर सिंह राणा ने बताया कि बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए जिला परिवहन विभाग की तरफ से शनिवार व रविवार को छुट्टी के दिन भी बसों की जांच की गई। सभी स्कूलों को अपनी बसों की जांच कराने को कहा गया था। अब जो भी आदेश होंगे उसके हिसाब से बसों की जांच की जाएगी। जो बसें अब अनफिट मिलेंगी उन पर कार्रवाई की जाएगी। बच्चों की सुरक्षा से किसी भी स्कूल को खिलवाड़ नहीं करने दिया जाएगा।