हरियाणा अध्यापक पात्रता परीक्षा (एचटेट) रद होने से परीक्षार्थियों के चेहरे उतर गए हैं। इससे उन परीक्षार्थियों को काफी झटका लगा है, जिनका पेपर काफी अच्छा हुआ था। शनिवार देर शाम तक परीक्षार्थी परीक्षा रद होने का कारण जानने के लिए एक-दूसरे को फोन करते रहे।
जिले में करीब चार हजार परीक्षार्थियों ने यह परीक्षा दी थी। कुल मिलाकर जिले में यह परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई थी। नेशनल पब्लिक स्कूल में परीक्षा देकर आई शैलजा त्यागी को उनके पति ने परीक्षा रद होने के बारे में बताया तो वह काफी मायूस हुई। शैलजा ने बताया कि उनका पेपर काफी अच्छा हुआ था, उन्हें पास होने की पूरी उम्मीद थी।
वहीं एक अन्य परीक्षार्थी अंकुर ने बताया कि इस तरह परीक्षा को रद किया जाना उचित नहीं है। यदि कहीं पेपर रद हुआ है तो उस जिले व सेंटर की परीक्षा रद होनी चाहिए थी, न कि पूरे प्रदेश की। इसी प्रकार राधेशाम, पूनम, गुरजंत ने भी परीक्षा को इस प्रकार रद करने के फैसले का अनुचित बताया, क्योंकि काफी परीक्षार्थियों ने इसके लिए कड़ी मेहनत की थी। कुछ परीक्षार्थी परीक्षा के रद होने से खुश भी नजर आए, क्योंकि उनका पेपर ठीक नहीं हुआ था।
आज की परीक्षा को लेकर असमंजस की स्थिति
रविवार को हरियाणा अध्यापक पात्रता की प्रथम स्तर की पहली से पांचवीं स्तर की परीक्षाएं होंगी। जो सुबह 10:30 से दोपहर एक बजे तक होनी हैं, जबकि शाम तीन से 5:30 बजे तक 6वीं से 8वीं तक द्वितीय स्तर की परीक्षा होगी। किंतु शनिवार को परीक्षा रद होने से रविवार की परीक्षाओं को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है। परीक्षार्थी एक-दूसरे से फोन पर इसको लेकर बातचीत कर रहे हैं।
16 केंद्रों पर हुई थी परीक्षा
जिले में बने 16 केंद्रों पर पुलिस व प्रशासन की कड़ी चौकसी में शनिवार को हरियाणा अध्यापक पात्रता की नौवीं से बारहवीं की तृतीय स्तर की परीक्षा हुई थी। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड द्वारा आयोजित परीक्षा में करीब चार हजार परीक्षार्थी शामिल रहे। सभी केंद्रों पर दोपहर तीन से शुरू हुई परीक्षा शाम पांच बजे शांतिपूर्वक संपन्न हुई। जिले में परीक्षा को लेकर बने केंद्रों पर शनिवार सुबह से ही पुलिस व प्रशासन की मुस्तैदी नजर आई। सभी 16 केंद्रों के आसपास पुलिस के नाके लगा दिए गए और बेरिकेड की मदद से वाहनों की आवाजाही रोक दी गई। दोपहर करीब ढाई बजे से ही परीक्षार्थी अपने-अपने केंद्रों पर पहुंचने लगे। बाद में जरूरी दस्तावेज जांचने पर ही उन्हें परीक्षा केंद्रों में परीक्षा देने के लिए जाने दिया गया। परीक्षा केंद्रों में नकल रोकने को प्रशासन द्वारा जैमर लगाए गए थे वहीं, परीक्षा के दौरान वीडियोग्राफी भी कराई गई। इसके अलावा डीसी डॉ. एसएस फुलिया, एसपी डॉ. अरुण नेहरा, डीएसपी, जगाधरी एसडीएम व नगराधीश स्तर के अधिकारियों ने केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। परीक्षा संपन्न होने पर शाम पांच बजे के बाद परीक्षा केंद्रों के बाहर जाम जैसी स्थिति देखी गई। इस बीच वाहन रेंगते दिखे, जिससे वाहन चालकों को थोड़ी परेशानी हुई।
आधे घंटे देरी से मिला पेपर
जगाधरी के हिंदू पब्लिक स्कूल में काफी परीक्षार्थियों को फिजिकल एजुकेशन व फिजिक्स का पेपर करीब आधे घंटे देरी से मिला। इस कारण उन्हें को परेशानी का सामना करना पड़ा। जगाधरी के एडवोकेट यशपाल शर्मा ने बताया कि उनकी पत्नी भी इसी केंद्र पर परीक्षा देने गईं, उन्हें भी आधा घंटा देरी से पेपर मिला। उन्होंने कहा कि फिजिकल एजुकेशन वालों को पहले कॉमर्स के पेपर थमा दिए गए, बाद में उन्हें व फिजिक्स वालों को करीब आधा घंटा देरी से पेपर मिले। उधर, बिलासपुर स्थित एक परीक्षा केंद्र से पांच परीक्षार्थियों को आवश्यक दस्तावेज न दिखा पाने पर परीक्षा दिए बगैर लौटना पड़ा।
जिले में परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। किसी दूसरे जिले में गड़बड़ी होने की अब तक मेरे पास जानकारी नहीं पहुंची है।
प्रेम चंद, एसडीएम, जगाधरी।