संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। जिला जेल में बंद बंदियों के पास मुलाकातियों द्वारा बैग में छिपाकर नशीला पदार्थ ले जाया जा रहा था। ड्यूटी पर तैनात वार्डन ने जब बैग चैक किए तो उनके पास से तीन पुड़िया नशीला पदार्थ बरामद किया गया।
नशीले पदार्थ की जांच के लिए पुलिस ने नमूने एफएसएल लैब में भेजे है। पुलिस ने मामसे में तीन आरोपी बंदियों औक दो मुलाकातियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
शिकायत में जिला जेल के उप पुलिस अधीक्षक वरुण कुमार ने बताया कि जेल में शुभम व साहिल बंद है। नौ अक्तूबर को सुमित अपने भाई बंदी शुभम और सागर अपने भाई बंदी साहिल से मुलाकात पर आए। दोनों मुलाकातियों के पास एक काले रंग का बैग था। जब ड्यूटी पर तैनात वार्डन मलूक सिंह ने बैग चेक किए तो उनके कपड़े बरामद हुए।
इसके साथ ही बैग में तीन पुडियां मिली। जांच करने पर उनमे सफेद रंग का नशीला पदार्थ मिला। जब दोनों बंदियों से बात की गई तो शुभम ने बताया कि उसके भाई सुमित ने उसे बताया था कि उसे जेल से बाहर नावेद नाम का व्यक्ति मिला था। ुसने यह बैग उसके भाई को दिया था और यह बैग हवालाती बंदी अर्शदीप उर्फ गोलू को देने के लिए बोला था। जांच करने पर तीनों पुडियों से 5.52 अवैध नशीला पदार्थ बरामद हुआ। यह नशीला पदार्थ सफेद रंग का है। पुलिस ने मामले में आरोपी कैदी बंदी शुभम, साहिल, अर्शदीप सुमित व सागर के खिलाफ केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी।
जांच अधिकारी जसबीर सिंह ने बताया कि नशीला पदार्थ क्या है, इसका पता नहीं चल पाया है। नशीले पदार्थ का पता लगाने के लिए नमूने जांच के लिए एफएसएल लैब में भेजे गए है। जांच के बाद नशीले पदार्थ का पता चल पाएगा।