बैठक में हिस्सा लेते आयोग व अन्य विभाग के अधिकारी। प्रवक्ता
यमुनानगर। हरियाणा राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग सदस्यों ने जिला सचिवालय में बाल विवाह रोकथाम एवं बाल संरक्षण के तहत बैठक का आयोजन किया। आयोग सदस्य अनिल कुमार व श्याम शुक्ला ने बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006, किशोर न्याय अधिनियम और बच्चों के प्रति होने वाले सभी प्रकार के शोषण की रोकथाम जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की। जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास मीक्षा रंगा ने बताया की विभाग की सभी सुपरवाइजर आंगनबाड़ी वर्कर इस विषय पर सतर्कता से कार्य कर रही हैं। आयोग सदस्य अनिल कुमार ने बताया कि बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 के अन्तर्गत कानूनी अपराध है।
सदस्य श्याम शुक्ला ने बताया बाल विवाह एक कुप्रथा है। यह बच्चों से बचपन छीन लेता है और उन्हें शिक्षा, स्वास्थ्य और सुरक्षित जीवन से वंचित कर देता है। इसी तरह बाल कल्याण समिति अध्यक्ष अशोक कुमार ने बताया कि समाज को जागरूक होते हुए पुजारियों, काजियों, पुरोहितों, पादरियों और अन्य धार्मिक नेताओं सरपंचों पंचों पार्षदों के साथ मिलकर व्यापक रूप से काम करने की आवश्यकता है। इस दौरान कार्यवाहक जिला बाल संरक्षण अधिकारी रंजन शर्मा, संरक्षण अधिकारी आंचल त्यागी, प्रीती शर्मा, मुनीष कुमार, मुकेश कंसल, गौरव शर्मा आदि मौजूद रहे।
बैठक में हिस्सा लेते आयोग व अन्य विभाग के अधिकारी। प्रवक्ता