संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। शिक्षा निदेशालय की ओर से सभी विद्यालयों के शौचालय, पानी की व्यवस्था दुरुस्त करने के आदेश दिए हैं। इसे लेकर निदेशालय ने अधिकारियों को उनके क्षेत्रों के विद्यालयों का निरीक्षण कर शौचालयों व सफाई व्यवस्था का जायजा लेने के आदेश दिए थे। वहीं, जहां व्यवस्थाएं ठीक नहीं हैं, वे दुरुस्त करने और अन्य स्थानों पर इसे और बेहतर बनाने के आदेश दिए हैं।
निदेशालय के आदेशों को लेकर जिला शिक्षा विभाग बेहद गंभीर है। इसे लेकर जिला शिक्षा अधिकारियों ने सभी खंडों के शिक्षा अधिकारियों की ड्यूटी लगाई है। निदेशालयों के आदेशों पर जिला शिक्षा अधिकारी प्रेमलता ने विभिन्न विद्यालयों का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने शौचालय और सफाई व्यवस्था का जायजा लिया। वहीं, खंड अधिकारियों ने भी अपने क्षेत्रों के विद्यालयों का निरीक्षण किया। इस दौरान सामने आया कि शहर की अपेक्षा ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यालयों की हालत ज्यादा खराब मिली। निरीक्षण में पाया कि जिले के छह खंडों के करीब 250 विद्यालयों में शौचालय की उचित व्यवस्था नहीं है। इसके अलावा करीब 400 विद्यालयों के शौचालयों में नियमित सफाई नहीं होती है।
यहां पर कर्मचारी न होने के कारण सफाई नहीं हो पाती है। ऐसे में विद्यालय मुखिया अपने स्तर पर सफाई की व्यवस्था करते हैं। निजी कर्मचारी अपनी मर्जी व सुविधा अनुसार आते हैं। ऐसे में कई-कई दिन बाद सफाई होती है। वहीं, शहर के भी कुछ विद्यालय ऐसे हैं, जहां नियमित कर्मचारी न होने से सफाई की समस्या है। इसके अलावा कई विद्यालयों के शौचालयों में मरम्मत संबंधी दिक्कतें भी मिली हैं। ऐसे में जिला शिक्षा विभाग ने मुखियाओं को शीतकालीन अवकाश के दौरान यह समस्याएं दूर करने के आदेश दिए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी प्रेमलता ने कहा कि विद्यालय मुखियाओं को आदेश दिए गए हैं कि शीतकालीन अवकाश से पहले सभी समस्याओं का किया जाएगा।
इस दौरान जिन शौचालयों के दरवाजे खराब या टूटे हैं, पानी की टंकी टूटी है और पानी लीक होता है। टोंटियां खराब हैं और लीकेज हो रही है वह तुरंत ठीक करवाए जाएं। वहीं, जिन विद्यालयों में शौचालयों की कमी है उनकी रिपोर्ट भी मांगी गई है। विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार शौचालयों का निर्माण करवाने को लेकर काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शीतकालीन अवकाश के 15 दिन में यह काम पूरे कर लिए जाएंगे। ताकि नव वर्ष में विद्यार्थी विद्यालय पहुंचे तो उन्हें बेहतरीन सुविधा मिले।