जिले की सरस्वती शुगर मिल में गन्ने की पेराई 31 अक्तूबर से शुरू होगी। पेराई के लिए शुगर मिल द्वारा बनाए गए क्रय केंद्रों पर गन्ने की खरीद 30 अक्तूबर यानि आज से शुरू हो जाएगी। इसके लिए मिल द्वारा किसानों को गन्ना क्रय केंद्रों पर लाने के लिए इंडेंट बांट दी गई हैं। शुगर मिल का विधिवत शुभारंभ 31 अक्तूबर को सुबह नौ बजे मिल मैनजमेंट द्वारा किया जाएगा। शुगर मिल में सबसे पहले गन्ना लेकर आने वाले किसानों को सम्मानित भी किया जाएगा। शुगर मिल के चलने से यमुनानगर, कुरुक्षेत्र व अंबाला के गन्ना उत्पादक करीब 22 हजार किसानों को फायदा होगा। इस साल सरस्वती शुगर मिल में गन्ने की पेराई पिछले साल से एक सप्ताह पहले शुरू की जा रही है।
सरस्वती शुगर मिल में हर साल गन्ने का पेराई सत्र मंगलवार को शुरू होता है। किसानों की सुविधा को देखते हुए मैनजमेंट ने इस बार 31 अक्तूबर को शुगर मिल में पेराई करने का निर्णय लिया था। शुगर मिल में यमुनानगर के अलावा कुरुक्षेत्र व अंबाला जिले के किसान भी गन्ना डालते हैं। मिल पहले चलने से किसान गन्ने की कटाई जल्द करके खाली खेतों में गेहूं की बिजाई कर सकेंगे।
शुगर मिल में इस बार 175 लाख क्विंटल गन्ना पेराई करने का लक्ष्य रखा है। शुगर मिल में जो गन्ना आता उसका रकबा करीब 96 हजार एकड़ है। गन्ने की खरीद के लिए मिल मैनेजमेंट ने इस बार 45 खरीद केंद्र बनाए हैं। किसान अपना गन्ना ट्रालियों के माध्यम से खरीद केंद्रों पर डालेंगे। खरीद केंद्र से शुगर मिल अपने वाहनों में गन्ने को मिल तक पहुंचाएंगा। इसके अलावा किसान सीधे शुगर मिल में भी गन्ना डाल सकेंगे।
सरस्वती शुगर मिल के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट (केन) डीपी सिंह ने बताया कि इस बार शुगर मिल गत वर्ष से एक सप्ताह पहले 31 अक्तूबर को चलाई जा रही है। इससे करीब 22 हजार किसानों को फायदा होगा। 45 केंद्रों पर किसानों का गन्ने की खरीद 30 अक्तूबर से शुरू हो जाएगी। इस बार शुगर मिल में 175 लाख क्विंटल गन्ना पेराई करने का लक्ष्य रखा है।