संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। शहर में ऑटो, दोपहिया और चार पहिया वाहनों की मरम्मत करने वाले दुकानदारों को एक जगह सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से चांदपुर में बनाई गई ऑटो मार्केट अब तक आबाद नहीं हो सकी है। करीब 3.16 करोड़ रुपये की लागत से तैयार की गई 21 दुकानों में से केवल आठ दुकानें ही किराये पर दी जा सकी हैं। यह दुकानें भी बंद रहती हैं।
नगर निगम की ओर से चांदपुर ऑटो मार्केट की दुकानों का मासिक किराया 21,110 रुपये निर्धारित किया गया है। इसके अलावा दुकानदारों को 50 हजार रुपये की धरोहर राशि भी जमा करानी होगी। दुकानदारों का कहना है कि बाजार से हटकर स्थित इस मार्केट में इतना अधिक किराया देना उनके लिए मुश्किल है। उन्हें यह भी चिंता है कि नई जगह पर ग्राहक और वाहन मालिक पहुंचेंगे या नहीं। चांदपुर में कुल 42 दुकानें बनाई जानी थीं। इनमें से प्रथम चरण में फिलहाल 21 दुकानों का निर्माण पूरा हुआ है। इन दुकानों को शहर में जगह-जगह चल रही ऑटो रिपेयर की दुकानों को एक स्थान पर शिफ्ट करने के लिए बनाया गया था। खासकर रिहायशी कॉलोनियों और मुख्य सड़कों पर चल रही मैकेनिक की दुकानों के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
एक जगह ऑटो मार्केट बनने से यातायात व्यवस्था बेहतर होने के साथ दुकानदारों को भी अधिक ग्राहक मिलने की उम्मीद थी।
दूसरी ओर शहर में जगह-जगह ऑटो मैकेनिक सड़क किनारे ही वाहनों की मरम्मत कर रहे हैं। इससे सड़कों पर जाम की स्थिति बनी रहती है। रामपुरा कॉलोनी की स्थिति सबसे अधिक खराब है, जहां सड़क के किनारे मैकेनिकों का कब्जा होने से लोगों को आवागमन में परेशानी होती है।
निगम की तीन ऑटो मार्केट बनाने की थी योजना
शहरवासियों की सुविधा को देखते हुए नगर निगम ने कई साल पहले तीन ऑटो मार्केट बनाने का निर्णय लिया था। गधौली और गुलाब नगर में करीब 19.60 करोड़ रुपये की लागत से दो अन्य ऑटो मार्केट बनाई जानी थीं, लेकिन इनका काम अभी तक शुरू नहीं हो पाया है। फिलहाल केवल चांदपुर में ही ऑटो मार्केट तैयार हो सकी है। दुकानदार मोहित व जगतार सिंह ने बताया कि 21 हजार रुपये से अधिक मासिक किराया बहुत ज्यादा है। महंगाई के दौर में इतना किराया देना छोटे दुकानदारों के लिए आसान नहीं है। यदि किराया कम कर दिया जाए तो दुकान लेने पर विचार किया जा सकता है।
चांदपुर में 21 में से आठ दुकानें किराये पर दी जा चुकी हैं। प्रयास यही है कि सभी दुकानों को जल्द से जल्द किराये पर देकर शुरू कराया जाए। ऑटो मार्केट यदि कॉलोनियों व बाजार से दूर होगी तो लोगों को जाम से निजात मिल जाएगी। - अजय वालिया, जेडटीओ, नगर निगम।