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Yamuna Nagar News: शव ठिकाने लगाने के लिए ओएलएक्स पर खरीदी कार

Sun, 02 Feb 2025 12:45 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
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संवाद न्यूज एजेंसी
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यमुनानगर। विषंक उर्फ विशु हत्याकांड का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। उधार दिए गए पैसे मांगने पर दोस्त ने ही उसकी स्मैक की ओवरडोज देकर हत्या की थी। हत्या के बाद दो दिन तक शव को घर में ही रखा और एक दिन गाड़ी में रखकर घर के सामने पार्किंग में खड़ी करके रखी थी। हत्या के अगले दिन शव को ठिकाने लगाने के लिए ओएलएक्स पर कार खरीदी थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
एसएचओ शहर थाना यमुनानगर नरेंद्र सिंह ने बताया कि मृतक विशु और आरोपी विशेष कांबोज निवासी गोविंदपुरी की कई साल से दोस्ती थी। दोनों एक साथ स्मैक का नशा करते थे। विशु के पिता रेलवे से रिटायर्ड हैं। इस कारण वह पैसे खर्च करता था। विशेष भी उससे कई बार पैसे उधार ले लेता था। विशु ने 25 जनवरी को विशेष के खाते में 90 हजार रुपये जमा कराए थे। इसके बाद 26 जनवरी को विशु विशेष के घर पर पहुंचा और वहां पर एक कमरे में दोनों ने स्मैक पी थी।
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उसी समय विशु ने अपने पैसे मांगने शुरू कर दिए थे और विशेष पर दबाव बनाने लगा था। इस पर विशेष ने योजना बनाकर उसे नशे की ओवरडोज देनी शुरू कर दी। इससे उसकी मौत हो गई। विशु की मौत होने के बाद वह उसे कमरे में ही बंद कर अपनी सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी पर चला गया। रात को 10 बजे से लेकर सुबह छह बजे तक डयूटी करने के बाद वह घर पर लौटा।
विशेष ने 27 जनवरी को अपने दोस्त योगेश को बुलाया और उसे पूरी बात बताई। इसके बाद दोनों ने शव को ठिकाने लगाने की योजना बनाई। योजना के तहत शव को कहीं जंगल में फेंकने की बात तय हुई। इसके लिए कार की जरूरत थी। जिस कारण उसी दिन ओएलएक्स पर कार की तलाश की।
यमुनानगर के ही खजूरी निवासी एक व्यक्ति से 45 हजार रुपये में कार का सौदा किया। बैंक से पैसे निकालकर उसी दिन कचहरी में शपथपत्र तैयार कर कार खरीदी। इसके बाद 27 जनवरी की रात को विशु के शव को घर से निकाल कर कार में रख दिया। कार को योगेश अपने घर गोविंदपुरा ले गया और वहां पर पार्किंग में खड़ी कर दी।
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खाई में फेंकने गए थे शव
पुलिस के मुताबिक दोनों ने शव को खाई में फेंकने की योजना बनाई थी। योगेश की मौसी सिरमौर में रहती है। उसने वहां के रास्ते देख रखे थे। दोनों 28 जनवरी को शव सिरमौर ले गए और मालन गांव के पास खाई में फेंक दिया था। वहां से हिमाचल पुलिस ने शव को बरामद किया था। पुलिस ने उस रास्ते पर लगे सीसीटीवी खंगाले तो कार का नंबर देख कर पुलिस इसके मालिक खजूरी निवासी व्यक्ति तक पहुंची। पुलिस ने व्यक्ति को बताया कि उसने एक दिन पहले ही कार बेची थी। इसके बाद पुलिस हत्यारोपियों तक पहुंची। पुलिस ने घटना का खुलासा करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया था।
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