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Yamuna Nagar News: महंगे दामों पर किताबें बेचतेे पकड़ा पुस्तक विक्रेता

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यमुनानगर। पुस्तक विक्रेताओं की ओर से पुस्तक पर लिखे दामों से अधिक मूल्य पर किताबें बेचने और मांगने पर पुस्तकों का बिल नहीं देने की अभिभावकों की शिकायत के बाद मुख्यमंत्री उड़नदस्ता, सेल्स टैक्स और शिक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने बुधवार को मॉडल टाउन स्थित एक पुस्तक विक्रेता और एक निजी स्कूल पर छापमारा। इस दौरान टीम में शामिल अधिकारियों ने बुक सेलर को सरकार की तरफ से तय किए गए दामों से अधिक पर बेचते हुए पकड़ा। पुस्तक विक्रेता किताबों के बिल भी नहीं दे रहा था। इस संबंध में टीम ने अपनी रिपोर्ट शिक्षा विभाग को सौंप दी है। बता दें कि चार दिन पहले ही अमर उजाला ने पुस्तक विक्रेताओं की ओर से अभिभावकों से लिए जा रहे पुस्तकों पर लिखी कीमत से अधिक दाम वसूलने की खबर को प्रकाशित किया था। इसके बाद ही तीनों विभागों की टीम ने संयुक्त रूप से कार्रवाई की।
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मनोज कुमार ने बताया कि चार दिन पहले चौथी कक्षा का किताबों का सेट 5400 रुपये का लेकर गया था। यहां पुस्तकों के साथ कॉपियां भी दी जा रही है। हमने कॉपियां पहले बाहर से ली थी लेकिन स्कूल ने उन कॉपियों को लगाने से मना दिया।
स्वीटी ने बताया कि बेटी आराध्या छठी और बेटा शिवाय यूकेजी में पढ़ते हैं। उन्हें छठी की पुस्तकें 7010 रुपये और यूकेजी की पुस्तकें 2412 रुपये की दीं। लिटलेचर की किताबें अलग से दी गई हैं। पुस्तक विक्रेता की ओर से किताबों का बिल भी नहीं दिया जा रहा है।
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तरुण साहनी का कहना है आठ दिन पहले इसी बुक सेलर से 2125 रुपये की किताबें दी थी। लेकिन जब सेलर से बिल की मांग की तो नहीं दिया। इतना ही नहीं बुक सेलर को यदि जब कुछ पुरानी किताबें उनके पास होने की बात करते हैं तो वह पूरी नई किताबों का सेट देता है।
अधिक मूल्य पर बेच रहा था किताबें
मुख्यमंत्री उड़नदस्ते के इंचार्ज इंस्पेक्टर दिनेश कुमार ने बताया कि अभिभावकों की ओर से शिकायतें मिली थी कि किताब विक्रेता सरकार की ओर से पुस्तकों के तय किए गए दाम से अधिक मूल्य पर स्कूल की किताबें बेच रहा है। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी शिवकुमार शर्मा से बात की और उन्हें साथ लेकर किताबों की दुकान पर छापा मारा। इस दौरान उन्होंने किताबों की जांच की तो उन्हें कई प्रकार की कमियां पाई गई। इसकी रिपोर्ट उन्होंने सेल्स टैक्स और शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियाें को सौंप दी है।

वर्जन अभिभावकों की शिकायत पर एक पुस्तक विक्रेता के अलावा निजी स्कूल में भी छपा मारा गया था। यहां नॉन एनसीईआरटी के तहत किताबें लगाई हुई थी। जिसके आधार पर स्कूल को नोटिस जारी किया जाएगा।
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-विनोद कौशिक, जिला शिक्षा अधिकारी यमुनानगर।
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