संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। जिले की 13 मंडियों में 1,13,555 मीट्रिक टन धान की आवक हो चुकी है। वहीं उठान कार्य काफी धीमा चल रहा। ऐसे में मंडियों के शेड के अंदर बोरियों के ढेर लग रहे। तेजी से आ रही फसल के कारण मंडी में पांव रखने तक की जगह नहीं बची है। धान मंडी के फड़ के अलावा सड़कों पर बिछ गया है। ऐसे में किसानों को फसल सुखाने के लिए जगह नहीं मिल पा रही है।
रिकॉर्ड के अनुसार मंडियों से अभी तक केवल 13229 एमटी धान का ही उठान हो सका है। इसके अलावा अभी भी 68994 एमटी धान पड़ा हुआ है। उधर, मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन दिन बारिश होने के आसार बने हैं। ऐसे में यदि बारिश होती है तो किसानों को काफी नुकसान हो सकता है। डीसी पार्थ गुप्ता ने मंडी में बिजली, स्वच्छ पानी, शौचालयों आदि सुविधाओं को दुरूस्त रखने के निर्देश दिए।
उन्होंने किसानों से अपील की हैं कि किसान मंडी में अपनी धान की फसल सुखाकर ही लाए ताकि किसानों को फसल का सही समय पर उचित मूल्य मिल सके। डीसी ने सभी एसडीएम को निर्देश दिए है कि अपने-अपने क्षेत्र की अनाज मंडियों का समय-समय पर निरीक्षण करते रहे जिससे किसानों को धान की फसल बेचने में किसी प्रकार की दिक्कत का सामना न करना पड़े।
जिला खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले नियंत्रक जतिन मित्तल ने बताया कि 1,13,555 मीट्रिक टन धान की आवक हो चुकी है। इसमें खाद्य एवं आपूर्ति विभाग द्वारा 46381 मीट्रिक टन, हैफेड द्वारा 39,213 मीट्रिक टन, हरियाणा भण्डारण निगम द्वारा 27,961 मीट्रिक टन धान की खरीद की गई है।
किस मंडी में कितना खरीदा गया धान
व्यासपुर अनाज मंडी में 10,979 मीट्रिक टन, छछरौली अनाज मंडी में 11,919 मीट्रिक टन, गुमथला रॉव अनाज मंडी में 2,815 मीट्रिक टन, जगाधरी अनाज मंडी में 18,352 मीट्रिक टन, जठलाना अनाज मंडी में 1023 मीट्रिक टन, खारवन अनाज मंडी में 1,660 मीट्रिक टन, प्रतापनगर अनाज मंडी में 8,497 मीट्रिक टन, सरस्वती नगर अनाज मंडी में 28,127 मीट्रिक टन, रादौर अनाज मंडी में 13,590 मीट्रिक टन, रणजीतपुर अनाज मंडी में 4,195 मीट्रिक टन, रसूलपुर मंडी में 3,770 मीट्रिक टन, साढौरा अनाज मंडी में 8,528 मीट्रिक टन, यमुनानगर अनाज मंडी में 100 मीट्रिक टन धान की खरीद की गई है।
छछरौली अनाज मंडी में लगे धान के ढेर। संवाद- फोटो : poni news