डीसी से मिलने पहुंचे शहरवासी। संवाद
यमुनानगर। शहर के मॉडल टाउन स्थित सनातन धर्म मंदिर एवं श्री सनातन धर्म सभा में कथित अनियमितताओं को लेकर स्थानीय लोगों ने डीसी को ज्ञापन सौंपकर जांच की मांग की है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि यह पुराना धार्मिक संस्थान पिछले कुछ वर्षों से अपने मूल उद्देश्य से भटक गया है और कुछ लोगों के स्वार्थ की पूर्ति का साधन बनता जा रहा है।
शिकायतकर्ता वीरेंद्र कुमार, विपिन मेहता, सुरेंद्र नंदा, विनोद मरवाह, हेमंत शर्मा, कमल मलिक, मनीष मलिक व अन्य ने बताया कि हरियाणा रजिस्ट्रेशन एवं रेगुलेशन एक्ट-2012 के तहत नवीनीकरण के दौरान संस्था के संविधान में कथित रूप से मनमाने बदलाव किए गए। सदस्यों की संख्या सैकड़ों से घटाकर 50 कर दी गई, जबकि मताधिकार केवल 30 सदस्यों तक सीमित कर दिया गया। इनमें से अधिकांश सदस्य तीन परिवारों से जुड़े बताए गए हैं। इस समय सभा में जो पदाधिकारी व सदस्य हैं वह अपनी मर्जी से कम कर रहे हैं। इनमें भी ज्यादातर सदस्य एक ही परिवार से हैं। ज्ञापन में यह भी आरोप है कि पुराने सदस्यों के परिवारों को सदस्यता नहीं दी जा रही, जबकि वर्तमान प्रधान पर अपने परिवार के कई सदस्यों को जोड़ने के आरोप लगाए गए हैं। मंदिर परिसर की दुकानों के आवंटन और वित्तीय लेनदेन में भी अनियमितताओं की आशंका जताई गई है। इसके अलावा मंदिर परिसर में संचालित एसडी पब्लिक स्कूल को निजी लिमिटेड कंपनी में बदलने पर भी सवाल उठाए गए हैं। लोगों ने उपायुक्त से संस्था के रिकॉर्ड की निष्पक्ष जांच कराकर अनियमितताओं को दूर करने और सभा को आम सदस्यों के लिए पुनः खुला बनाने की मांग की है। संवाद