संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। दिन प्रतिदिन गर्मी बढ़ने से तापमान में निरंतर बढ़ोतरी हो रही है। इस पर डीसी पार्थ गुप्ता ने सभी विभागों को गर्मी व लू से बचाव के लिए पूरी तैयारियां व प्रबंध सुनिश्चित करने को कहा है।
डीसी ने डीडीपीओ व पंचायती राज संस्थाओं को निर्देश दिए कि वे मनरेगा श्रमिकों के लिए दिन के समय अत्यधिक गर्मी से बचने के लिए विशेष कार्य योजना तैयार करें। इसके अलावा औद्योगिक क्षेत्रों में काम करने वाले श्रमिकों के लिए भी गर्मी से बचाव के लिए काम के समय का शेड्यूल निर्धारित किया जाए। डीसी ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे ओआरएस व अन्य जरूरी दवाओं की आपूर्ति रखें।
उन्होंने सभी स्वास्थ्य संस्थानों में ओआरएस की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बिजली कटौती के दौरान पावर बैकअप का प्रावधान होना चाहिए। उन्होंने बिजली विभाग के अधिकारियों को ऊर्जा संरक्षण बारे लोगों में जागरूकता पैदा करने, संवेदनशील क्षेत्रों और जनसंख्या के आधार पर बिजली कटौती के लिए नीति बनाने, अत्यधिक गर्मी के दौरान बिजली की कटौती बारे एक दिन पहले सूचना देने, विभाग के कर्मियों के लिए गाइडलाइन जारी करने को कहा।
उन्होंने सिंचाई और जल संसाधन विभाग को नालों की सिल्टिंग और रखरखाव, वाटर टैंकों की क्षमता और तालाबों को भरने, पेयजल आपूर्ति की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने पशुपालन और डेयरी विभाग के अधिकारियों को पशुओं को लू से बचाने के लिए पशुपालकों के बीच जागरूकता पैदा करने की हिदायतें दी।
लू से बचने के लिए यह करें उपाय
डीसी गुप्ता ने बताया कि लू से बचने के लिए घर के अंदर तथा छायादार स्थानों पर रहें। आरामदायक, सूती और हल्के रंग के पतले और ढीले कपड़े पहनें। अधिक पानी वाले मौसमी फल और सब्जियां जैसे तरबूज, खीरा, संतरा आदि खाएं। अगर काम के लिए बाहर जाना आवश्यक हो तो कोशिश करें सुबह या शाम के समय ही जाएं। बाहर जाने पर छाता, टोपी या तौलिये का प्रयोग करें। पानी तथा नमकीन पेय जैसे लस्सी, नींबू पानी और ओआरएस का घोल पीयें। लू लगने की स्थिति में ठंडा वातावरण बनाकर ठंडे पानी का स्पंज और कपड़े में लिपटी बर्फ लगाकर जरूरतमंदों को तत्काल चिकित्सा सहायता प्रदान करें।