संवाद न्यूज एजेंसी
रादौर। शाहबाद में किसानों पर लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले छोड़े जाने के विरोध में किसान संगठनों में रोष है। बुधवार को शाहबाद में चल रहे किसानों के प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे भारतीय किसान यूनियन टिकैत के जिला प्रधान सुभाष गुर्जर समेत करीब 20 किसानों को रादौर पुलिस ने गिरफ्तार में ले लिया।
थाना रादौर प्रभारी राजेश राणा भारी पुलिसबल के साथ दोपहर करीब 12 बजे गांव धौडंग में एसके रोड स्थित भाकियू टिकैत कार्यालय पहुंचे। उस समय जिला प्रधान सुभाष गुर्जर के नेतृत्व में किसान शाहबाद जाने के लिए रवाना होने की तैयारी कर रहे थे। पुलिस ने किसानों को मौके पर ही रोक लिया और हिरासत में ले लिया। देर शाम तक किसान थाना रादौर में पुलिस हिरासत में रहे। पुलिस ने सुभाष गुर्जर के अलावा यादविंद्र कांबोज, कुलविंदर सिद्धु, दीप राणा, जंगशेर राणा, दलबीर सिंह, पवन गोयल, रोहित कांबोज, सतपाल सैनी पोटली, रोशनलाल सैनी पोटली, जगमोहन सिंह औजला रादौर, मदन लाल कांजनू, जगपाल सिंह पूर्व सरपंच धौडंग, साहिल सेतिया रादौर, सुखदेव सिंह, मान सिंह मुजाफत कलां, भूप सिंह चुहड़कलां, भोपाल व मिश्रा समेत अन्य किसानों को गिरफ्तार किया। भाकियू टिकैत की ओर से राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत और प्रदेश अध्यक्ष रतनमान ने शाहबाद में किसानों पर लाठीचार्ज की निंदा करते हुए वहां चल रहे धरने को समर्थन दिया था। इसके बाद जिला प्रधान ने किसानों से शाहबाद पहुंचकर आंदोलन में शामिल होने की अपील की थी।
भाकियू निदेशक के आवास पर पुलिस ने दी दबिश
यमुनानगर। किसान नेताओं को शाहबाद में चल रहे प्रदर्शन में जाने से रोकने के लिए भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के निदेशक मनदीप सिंह के गांव रोडछप्पर स्थित आवास पर भी पुलिस की टीम बड़ी संख्या में पहुंची। पुलिसकर्मी काफी देर तक उनके घर पर मौजूद रहे, लेकिन मनदीप सिंह घर पर नहीं मिले। इसके बाद पुलिस टीम को वापस लौटना पड़ा। मनदीप सिंह ने कहा कि वह पुलिस की कार्रवाई से डरने वाले नहीं हैं। धान की सरकारी खरीद जल्द शुरू करने की मांग करना किसानों का अधिकार है। उन्होंने कहा कि खेतों में धान की फसल पक कर तैयार हो चुकी है और किसान अपनी फसल मंडियों में लेकर आने की तैयारी में हैं। ऐसे में सरकार को जल्द से जल्द सरकारी खरीद शुरू करनी चाहिए, ताकि किसानों को अपनी फसल बेचने में परेशानी न हो।