द्रोणाचार्य राजकीय महाविद्यालय में हॉस्टल का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। बृहस्पतिवार को भी छात्रों ने इस मुद्दे पर कॉलेज प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन कर नारेबाजी की और 30 मिनट तक सड़क पर जाम लगाया।
महाविद्यालय परिसर से ब्वॉयज हॉस्टल खत्म कर इसे छात्राओं को दे दिया गया है। हॉस्टल से निकाले गए छात्र इसका विरोध कर रहे हैं। उनका कहना है कि जो छात्रावास लड़कियों को दिया गया था, वह इसमें रहने की इच्छुक नहीं हैं। इसलिए छात्रावास दुबारा छात्रों को देना चाहिए।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् के विभाग संयोजक सतीश चौधरी का कहना है कि कॉलेज में सेमेस्टर परीक्षा शुरू होने वाली हैं। इस कारण इस आंदोलन को व्यापक रूप नहीं दिया जा रहा है।
परीक्षा के बाद इस मुद्दे पर बड़ा विरोध प्रदर्शन होगा। परिषद् के मेवात प्रभारी समीम अहमद का कहना है कि पहले हॉस्टल में 150 लड़के रहते थे, लेकिन अब केवल 30 लड़कियां हैं। हॉस्टल में 70 कमरे अब भी खाली हैं।