संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। बुल्गारिया और वियतनाम में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहलवान तपस्या सीनियर स्तर पर नई चुनौती के लिए तैयार हैं। वह 15 से 18 जुलाई तक हंगरी में होने वाली सीनियर रैंकिंग सीरीज में भाग लेने भारतीय टीम के साथ रवाना हो गई हैं।
तपस्या मूलरूप से झज्जर जिले के खानपुर कलां गांव की निवासी हैं। वह वर्तमान में सोनीपत के ककरोई रोड स्थित युद्धवीर अखाड़ा में अभ्यास करती हैं। उन्होंने अंडर-20 जूनियर विश्व कुश्ती चैंपियनशिप के 57 किलोग्राम भार वर्ग में स्वर्ण पदक जीता था।
इसके बाद उन्होंने एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप में भी स्वर्ण पदक अपने नाम किया। कोच कुलबीर राणा, सीमा और समीक्षा के मार्गदर्शन में उन्होंने विशेष तैयारी की है। अखाड़े में उनकी फिटनेस, तकनीक और मुकाबले की रणनीति पर काम किया गया।
कोच कुलदीप राणा ने तपस्या के शानदार प्रदर्शन का विश्वास जताया है। उन्होंने कहा कि यह प्रतियोगिता आगामी सीनियर विश्व चैंपियनशिप की तैयारी का महत्वपूर्ण पड़ाव है।
तपस्या का कुश्ती सफर
तपस्या का कुश्ती सफर बचपन से ही संघर्ष और समर्पण से भरा रहा है। उन्होंने मात्र 10 वर्ष की आयु में स्टेट स्कूल चैंपियनशिप का खिताब जीता था। वर्ष 2019 से वह युद्धवीर अखाड़ा में प्रशिक्षण ले रही हैं। उनकी सफलता में परिवार का अहम योगदान रहा है, पिता ने खेती-बाड़ी तक छोड़ दी।