फोटो 03. मुरथल के पास सोनीपत रोड पर निर्माणाधीन प्रवेश द्वार। संवाद
सोनीपत। मुरथल-सोनीपत रोड पर पर प्रवेश द्वार का निर्माण किया जा रहा है। एक तरफ के मार्ग पर द्वार निर्माण के लिए लेंटर डाल दिया है और दूसरी तरफ के मार्ग पर लेंटर डालने के लिए काम शुरू कर दिया है। नगर निगम की ओर से 93.53 लाख रुपये से प्रवेश द्वार का निर्माण किया जा रहा है। निगम अधिकारियों का कहना है कि 30 अप्रैल तक निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाएगा।
महाभारत काल में स्वर्णप्रस्थ के नाम से विख्यात रहे सोनीपत को फिर से उसी दौर की नई पहचान देने की कोशिश की जा रही है। महाभारत काल की याद ताजा कराने के उद्देश्य से सोनीपत शहर के मुख्य मार्गाें पर पांच पांडवों के नाम से भव्य द्वार का निर्माण किया जा रहा है। कभी चार दरवाजों के अंदर बसें सोनीपत शहर की पहचान अब पांच पांडवों के स्वागत द्वार से हुआ करेगी। नगर निगम की ओर से सोनीपत-मुरथल रोड पर युधिष्ठिर द्वार का निर्माण किया जा रहा है। नगर निगम की ओर से एक साल पहले प्रवेश द्वार के निर्माण की शुरुआत हुई थी। इसी तरह रोहतक रोड पर भीम द्वार, गोहाना रोड पर सहदेव द्वार, बहालगढ़ रोड पर अर्जुन द्वार व नरेला रोड पर नकुल द्वार का निर्माण कराया जा रहा है। पूरे प्रोजेक्ट पर निगम की तरफ से 4.55 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं।
सबसे आकर्षक होगा अर्जुन व भीम गेट
सबसे आकर्षक प्रवेश द्वारों में अर्जुन एवं भीम गेट होगा। जहां अर्जुन एवं भगवान श्रीकृष्ण की मूर्ति रथ पर बैठे हुए गीता का संदेश देते हुए दिखेगी तो वहीं दुर्योधन की जांघ पर अपनी गदा का प्रयोग करते हुए महाबली भीम दिखेंगे। इनके अलावा महाराज युधिष्ठिर गेट धर्म की नीति पर चलने का संदेश देगा। वहीं, नकुल एवं सहदेव गेट के जरिए भी जीवन उपयोगी संदेश दिखेगा। सभी प्रवेश द्वार का डिजाइन मुरथल स्थित दीनबंधु छोटूराम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की टीम से बनवाया गया है। सोनीपत रोड पर द्वार निर्माण की वजह से एक तरफ का रास्ता बंद होने से वाहन चालकों को परेशानी हो रही है। वाहन चालकों को 200 मीटर दूरी तक एक ही मार्ग पर चलना पड़ रहा है।
मुरथल के पास सोनीपत रोड पर युधिष्ठिर द्वार का निर्माण किया जा रहा है। इस कार्य पर 93.53 लाख रुपये खर्च किए जा रहे हैं। एक तरफ के मार्ग पर द्वार निर्माण के लिए लेंटर डाला गया है। दूसरे मार्ग पर लेंटर डालने का काम शुरू किया गया है। 30 अप्रैल तक निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाएगा।
- अजय निराला, कार्यकारी अभियंता, नगर निगम