सोनीपत। जिले में विभिन्न प्रकार के कचरे के प्रबंधन और पर्यावरण संरक्षण को मजबूत करने के उद्देश्य से उपायुक्त की अध्यक्षता में जिला स्तरीय एकीकृत अपशिष्ट प्रबंधन समिति का गठन किया गया है। समिति ठोस कचरा, प्लास्टिक कचरा, जैव-चिकित्सा कचरा, औद्योगिक कचरा तथा निर्माण एवं विध्वंस कचरे सहित अन्य अपशिष्टों के वैज्ञानिक और नियमानुसार निस्तारण को सुनिश्चित करेगी।
उपायुक्त नेहा सिंह ने बताया कि समिति विभिन्न विभागों और एजेंसियों के बीच समन्वय स्थापित कर जिले में अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने की दिशा में कार्य करेगी।
उन्होंने बताया कि समिति में नगर निगम आयुक्त, पुलिस विभाग के प्रतिनिधि और जिला नगर आयुक्त को शामिल किया गया है। औद्योगिक कचरा प्रबंधन के लिए जिला उद्योग केंद्र एवं एमएसएमई के संयुक्त निदेशक, जैव-चिकित्सा कचरा प्रबंधन के लिए सिविल सर्जन को सदस्य बनाया गया है।
इसके अलावा निर्माण एवं विध्वंस कचरा प्रबंधन के लिए लोक निर्माण विभाग और एचएसवीपी के अधीक्षक अभियंता, एचएसआईआईडीसी के इंजीनियरिंग इंचार्ज, एचएसएएमबी के कार्यकारी अभियंता तथा गन्नौर अंतरराष्ट्रीय फल एवं सब्जी मंडी के कार्यकारी अभियंता को समिति में शामिल किया गया है।
कृषि एवं बागवानी कचरा प्रबंधन के लिए कृषि विभाग के उपनिदेशक और जिला बागवानी अधिकारी, पशु गोबर कचरा प्रबंधन के लिए पशुपालन विभाग के उपनिदेशक तथा प्लास्टिक पैकेजिंग और आपूर्ति श्रृंखला निरीक्षण के लिए खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के अधिकारियों को भी सदस्य बनाया गया है। वहीं, नगर परिषदों और नगरपालिकाओं के ईओ/सचिव तथा सोनीपत, गोहाना, खरखौदा और गन्नौर मार्केट कमेटियों के सचिव भी समिति का हिस्सा होंगे।
हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी को समिति का सदस्य सचिव नियुक्त किया गया है। इसके अतिरिक्त औद्योगिक संगठनों, मार्केट एसोसिएशन, आरडब्ल्यूए, अधिकृत कचरा प्रसंस्करणकर्ताओं और रिसाइक्लर्स के प्रतिनिधियों को आमंत्रित सदस्य के रूप में शामिल किया जाएगा, ताकि व्यापक स्तर पर जनभागीदारी सुनिश्चित हो सके।
समिति जिले में विभिन्न प्रकार के कचरे के पृथक्करण, संग्रहण, परिवहन और वैज्ञानिक निस्तारण की निगरानी करेगी। समिति हर माह कम से कम एक बैठक आयोजित करेगी, जिसमें विभिन्न अपशिष्ट श्रेणियों के प्रबंधन, अनुपालन, प्रवर्तन कार्रवाई और विभागीय समन्वय की समीक्षा की जाएगी।