सोनीपत। सीवर और सेफ्टी टैंक की सफाई के दौरान हुई मृत्यु का डाटा नमस्ते (राष्ट्रीय मशीनीकृत स्वच्छता पारिस्थितिकी तंत्र कार्रवाई) पोर्टल पर समय से अपडेट करें।
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधिकारी व सीवरेज व सेफ्टी टैंकों की सफाई करने वाले कर्मचारियों के प्रति संवेदना रखते हुए उन्हें मूलभूत सुविधाएं प्रदान करें।
यह निर्देश सोमवार को जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव मोहम्मद शाइन ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से अधिकारियों के साथ बैठक में दिए।
उपायुक्त सुशील सारवान ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सीवरेज व सेफ्टी टैंकों की सफाई करने वाले ऐसे कर्मचारियों का पता लगाकर उनकी सभी जानकारी नमस्ते पोर्टल पर दर्ज करें।
सफाई के दौरान होनी वाली किसी भी दुर्घटना के बारे में पोर्टल पर डाटा अपडेट करें। कर्मचारियों को जल्द मुआवजा प्रदान करें। सीवरेज की सफाई के लिए मशीनों का ही प्रयोग करें।
बिना सेफ्टी किट के सफाई कर्मचारियों से सीवरेज की सफाई करवाने पर संबंधित अधिकारी व कंपनी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि सीवर सफाई के दौरान मृत्यु पर आश्रितों को 30 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है।
अधिकारी ऐसे केसों में पीड़ित आश्रितों को आर्थिक सहायता प्रदान करवाने के लिए बेहतर प्रयास करें। साथ ही सभी सफाई कर्मचारियों की वर्ष में दो बार स्वास्थ्य जांच करवाना सुनिश्चित करें।सफाई कर्मचारियों के लिए सरकार की ओर से चलाई जा रही योजनाओं के लिए जागरूक करें। इस दौरान नगर निगम की संयुक्त आयुक्त मीतू धनखड़, डीसीपी राजपाल सिंह, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता राजीव गुप्ता, उप सिविल सर्जन डाॅ. स्वराज चौधरी, डीटीपी अजमेर सिंह, जिला शिक्षा अधिकारी नवीन गुलिया, नोडल अधिकारी गौरव कुमार भी मौजूद रहे।