संवाद न्यूज एजेंसी
खरखौदा। गांव सिसाना स्थित धर्मार्थ गोशाला में नए प्रधान के चयन को लेकर शुक्रवार को हुई पंचायत में खाप सदस्यों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की मौजूदगी में चर्चा हुई, लेकिन सर्वसम्मति नहीं बन पाई। दो लोगों को प्रधान घोषित किए जाने के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया और हंगामे की स्थिति बन गई।
बैठक में गोशाला के संचालन, आर्थिक स्थिति और नए प्रधान के चयन पर चर्चा हुई। पूर्व गोशाला प्रधान महावीर दहिया ने कहा कि गाेशाला पर लोगों का करीब 1.31 करोड़ रुपये बकाया है जिसकी वसूली के लिए प्रभावी प्रयास नहीं हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि पिछली पंचायत में भी प्रधान चयन को लेकर सहमति नहीं बन सकी थी और लगातार मतभेद बने हुए हैं।
उन्होंने गोशाला के हित में सर्वसम्मति से निर्णय लेने की अपील की। बैठक के दौरान पूर्व जिला पार्षद चांद पहलवान ने एक नाम का प्रस्ताव रखते हुए उसे प्रधान बनाए जाने की मांग की। वहीं दहिया चौबीसी की ओर से उमेश नाहरा ने रोहणा के बलवान उर्फ बले पहलवान का नाम प्रधान पद के लिए प्रस्तावित किया। इसके बाद मौजूद लोगों के एक वर्ग ने उन्हें पगड़ी बांधकर समर्थन दिया।
हालांकि गढ़ी सिसाना के कुछ लोगों ने इस निर्णय का विरोध करते हुए कहा कि उनसे बिना सहमति के फैसला लिया गया है। इसी बीच दहिया खाप के प्रधान जयपाल दहिया ने घोषणा की कि 61 गांवों की सहमति से गढ़ी सिसाना के रामकुमार को गोशाला का प्रधान मनोनीत किया गया है।