फोटो :24: सोनीपत में सोमवार सुबह सात बजे नेशनल हाईवे-44 के संपर्क मार्ग से गुजरता वाहन। संवाद
सोनीपत। मौसम का मिजाज लगातार बदलता नजर आ रहा है। रविवार देर रात से ही वातावरण में घना कोहरा छा गया। रातभर बूंदों की तरह बरसते कोहरे ने सड़कों को भिगो दिया। सोमवार सुबह सात बजे कोहरा और गहरा हो गया इससे दृश्यता कम हो गई और वाहन चालकों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
घने कोहरे के कारण नेशनल हाईवे सहित केजीपी-केएमपी एक्सप्रेस-वे पर वाहनों की गति थम गई। कई स्थानों पर वाहन चालकों ने दुर्घटना की आशंका को देखते हुए अपने वाहन सड़कों के किनारे खड़े कर दिए। खासतौर पर सुबह के समय कार्यालय और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए निकलने वाले लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
सुबह नौ बजे के बाद कोहरे की तीव्रता में कमी आई और दृश्यता धीरे-धीरे बेहतर होने लगी। इससे यातायात सामान्य हो सका। हालांकि कोहरा छंटने के बाद भी दिनभर ठंड का असर बना रहा और कोल्ड-डे जैसे हालात महसूस किए गए। दोपहर लगभग दो बजे आसमान में सूर्य निकलने के बाद लोगों को कुछ हद तक ठंड से राहत मिली।
मौसम विभाग के अनुसार हवा के प्रवाह में कमी के चलते न्यूनतम तापमान में इजाफा दर्ज किया गया है। सरगथल मौसम केंद्र पर न्यूनतम तापमान 11.3 डिग्री सेल्सियस जबकि अधिकतम तापमान 20.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। दिन के समय करीब आठ किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलती रही।
वहीं सोनीपत का वायु गुणवत्ता मापक यंत्र लंबे समय से खराब होने के कारण लोगों को वायु की गुणवत्ता से जुड़ी सटीक जानकारी नहीं मिल पा रही है। मौसम विशेषज्ञ डॉ. प्रेमदीप का कहना है कि वातावरण में नमी और हवा की गति धीमी होने के कारण आगामी दिनों में भी सुबह के समय कोहरा छाने की संभावना बनी हुई है।
फोटो :24: सोनीपत में सोमवार सुबह सात बजे नेशनल हाईवे-44 के संपर्क मार्ग से गुजरता वाहन। संवाद
फोटो :24: सोनीपत में सोमवार सुबह सात बजे नेशनल हाईवे-44 के संपर्क मार्ग से गुजरता वाहन। संवाद