गोहाना के बाहरी एरिया में फ्लैग मार्च निकालते हुए डीसी व एसपी।
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जाट आंदोलन के दौरान जाम, लूटपाट, आगजनी और उपद्रव से सबक लेते हुए अबकी बार प्रशासन कुछ सतर्क नजर आया। चूंकि आंदोलन के दौरान हिंसा का साया सबसे अधिक गोहाना में था, इसलिए पुलिस का पूरा फोस इसी क्षेत्र में रहा। किसी भी असामाजिक गतिविधि से निपटने के लिए यहां चार कंपनी सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। इनमें से एक कंपनी आरएएफ, एक कंपनी आईटीबीपी, एक कंपनी जिला पुलिस और एक कंपनी मधुबन पुलिस की तैनात की गई है। शुक्रवार को सोनीपत डीसी केएम पांडुरंग एसपी अभिषेक गर्ग, एडीसी शिवप्रसाद शर्मा, डीएसपी राजेश कुमार, एसडीएम अश्वनी मैंगी और तहसीलदार हरिओम विश्नोई ने चारों कंपनियों के साथ उपमंडल के गांवों में फ्लैग मार्च निकाला और ग्रामीणों व शहरवासियों से भाईचारा बनाने की अपील की। इसके अलावा चेतावनी दी कि किसी भी स्थिति में सड़क जाम, लूटपाट, आगजनी और उपद्रव जैसी घटना नहीं होने दी जाएगी।
समता चौक पर पहुंचे अधिकारी, वाल्मीकि बस्ती के लोगों से की बातचीत
शहर के समता चौक पर उपायुक्त व एसपी ने पीड़ितों और आम जनो से बातचीत की तथा उन्हें शांति बनाए रखने के प्रयास करने को कहा। उन्होंने आम जन को प्रशासन की तरफ से विश्वास दिलाया कि अगर किसी प्रकार के आंदोलन की स्थिति बनती है तो इस बार कोई अनहोनी नहीं होने दी जाएगी और आम जन को पूरी सुरक्षा मुहैया कराई जाएगी।