यमुना नदी के तटबंधों का निरीक्षण करते हुए डीसी केएम पांडुरंग, साथ में उपस्थित अधिकारीगण व ग्रामीण
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यमुना नदी में बाढ़ नियंत्रण को लेकर तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने सिंचाई विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जितनी भी ठोकरों का काम बाकी है उसे एक सप्ताह के अंदर पूरा कर रिपोर्ट करें। इसके अलावा यमुना पर लगातार पेट्रोलिंग की जाए ताकि बरसात के मौसम में किसी भी तरह की घटना से पहले जरूरी कदम उठाए जा सके। उपायुक्त ने दौरे से अनुपस्थित रहने पर मीमारपुर के पटवारी आनंद और ग्राम सचिव सुरेंद्र सिंह को कारण बताओ नोटिस जारी कर कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।
उपायुक्त के. मकरंद पांडुरंग ने बेगा घाट से यमुना का निरीक्षण शुरू किया। इस दौरान सभी विभागों के अधिकारी भी उनके साथ मौजूद थे। यहां उन्होंने सिंचाई विभाग द्वारा बनाई गई ठोकरों का निरीक्षण किया। एक स्थान पर ग्रामीणों द्वारा नई ठोकर का निर्माण करने की मांग पर उन्होंने कहा कि यहां फिलहाल नई ठोकर की बजाय मिट्टी के कट्टे लगाकर किसी भी तरह के कटाव को रोका जाएगा। उन्होंने सिंचाई विभाग के अधिकारियों को सभी पुरानी ठोकरों की मरम्मत के निर्देश दिए। यहां उन्होंने यमुना में किए जा रहे खनन की भी जांच की। मीमारपुर घाट पर ठोकरों के लिए डाले गए पत्थर पर अभी तक जाल नहीं लगाए जाने पर एक्सईएन अश्वनी फौगाट ने बताया कि एक सप्ताह के अंदर सारा काम पूरा कर लिया जाएगा।
मीमारपुर गांव के ग्रामीणों की सुनी समस्या
ग्रामीणों की शिकायत पर डीसी ने खनन व पुलिस विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी तरह के ओवरलोड वाहनों पर पूरी तरह से लगाम लगाई जाए। उन्होंने कहा कि कोई भी ओवरलोड ट्रक नहीं गुजरना चाहिए और गांव के अंदर से जो भी ट्रक रेत लेकर गुजरे उसके ऊपर तिरपाल अवश्य लगाया जाए। उन्होंने खनन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि खनन विभाग के जितने भी कर्मचारी विभिन्न खानों में कार्य कर रहे हैं उन सभी को पहचान पत्र जारी किए जाएं ताकि वह रात को इधर-उधर न घूम सकें। उन्होंने कहा कि अगर किसी ओवरलोड ट्रक के ऊपर फट्टा मिलता है तो उनको चालान के बाद मौके पर ही हटाया जाए। मीमारपुर के ग्रामीणों ने घाट पर बिजली की व्यवस्था करने की मांग की जिस पर उपायुक्त ने बताया कि संबंधित विभाग से बात कर जल्द ही समस्या का समाधान किया जाएगा।
बड़ौली घाट का किया गया निरीक्षण
बडौली घाट का दौरा किया। यहां उन्होंने यमुना के अंदर तक जाकर खानों का निरीक्षण किया और बाद में ग्रामीणों के साथ भी स्थिति का जायजा लिया। यहां उन्होंने सिंचाई विभाग से अधिकारियों से तटबंध की ऊंचाई कम होने पर नाराजगी जाहिर की और निर्देश दिए कि जल्द से जल्द तटबंध पर मिट्टी डालकर इसकी ऊंचाई बढ़ाई जाए।
भैरा बांकीपुर गांव का भी किया गया दौरा सुनी समस्या
ड्रेन नंबर आठ से यमुना से लिंक होने वाले स्थान का भैरा बांकीपुर गांव में जाकर निरीक्षण किया। यहां भैरा बांकीपुर गांव के ग्रामीणों ने गांव के दो तालाबों की सफाई की मांग की। इस पर उपायुक्त ने बीडीपीओ राई को इन तालाबों की सफाई करवाने के निर्देश दिए। भैरा बांकीपुर गांव का निरीक्षण करने के पश्चात उपायुक्त मनौली टोकी गांव में पहुंचे। यहां उपायुक्त ने तटबंध के अंदर बने मकानों का निरीक्षण किया। इसके पश्चात उपायुक्त ने गांव के लोगों से बातचीत की। गांव के लोगों ने उपायुक्त के सामने समस्या रखी कि मनौली गांव से टौकी गांव तक की सड़क को पक्का करवाया जाए। इस पर उपायुक्त ने बीडीपीओ राई को निर्देश दिए कि पूरे रास्ते का एस्टीमेट तैयार करवाया जाए। इसके साथ ही उन्होंने सीएमओ डॉ. जेएस पूनिया को गांव में घर-घर जाकर स्वास्थ्य सर्वे और फौगिंग करवाने के निर्देश भी दिए।