सोनीपत। सरकार के बीज हरियाणा संशोधन विधेयक 2025 को लेकर बीज व कीटनाशक विक्रेताओं ने अपनी हड़ताल खत्म कर दुकानें खोल ली हैं, लेकिन बीज उत्पादकों का रोष जारी है। बीज उत्पादकों ने 3 अप्रैल के बाद दुकानों पर बीज की सप्लाई नहीं शुरू की है। ऐसे में विक्रेताओं के साथ किसानों को परेशानी झेलनी पड़ सकती है। फिलहाल विक्रेता पुराने भंडारण से दुकान पर बीज बेच रहे हैं।
सरकार ने नकली व मिलावटी बीज बेचने वालों पर सख्त कदम उठाते हुए बीज विधेयक में संशोधन किया है। बीज की गुणवत्ता खराब पाई जाने पर न केवल उत्पादक, बल्कि विक्रेता पर भी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है। विधेयक में संशोधन के बाद बीज उत्पादकों ने बीज की सप्लाई को बंद करने का निर्णय लिया था। वहीं प्रदेशभर के विक्रेताओं ने दुकानें बंद करके हड़ताल शुरू की थी, लेकिन भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बड़ौली, विधायक निखिल मदान के आश्वासन के बाद विक्रेताओं ने अपनी हड़ताल समाप्त कर दुकानें खोल ली हैं, लेकिन बीज उत्पादकों ने सप्लाई को सुचारु नहीं किया है।
मामले में बीज विक्रेता ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के आवास पर बैठक भी कर चुके हैं। बीज विक्रेताओं को उम्मीद है कि सरकार नोटिफिकेशन जारी करके उनकी मांगों को पूरा करेगी।
दिल्ली तक लगानी पड़ सकती है दौड़
जिला में 400 बीज लाइसेंसधारक हैं। शहरी क्षेत्रों के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में बीज की दुकानें हैं। खरीफ सीजन के दौरान करीब 2 लाख हेक्टेयर भूमि में ज्वार, बाजरा, मक्का, धान सहित विभिन्न सब्जियां उगाई जाती हैं। फिलहाल किसान गेहूं की कटाई में जुटे हैं। ज्वार व मक्का की बिजाई भी शुरू कर दी है। अगर बीज विक्रेताओं को जल्द बीज नहीं मिला तो किसानों की परेशानी बढ़ सकती है। किसानों को बीज के लिए दिल्ली तक दौड़ लगानी पड़ सकती है।
मुख्यमंत्री के साथ सकारात्मक माहौल में बातचीत हुई है। समस्या के समाधान का आश्वासन मिला है। उम्मीद है जल्द ही नया नोटिफिकेशन जारी कर दिया जाएगा। हालांकि बीज उत्पादकों ने अब तक सप्लाई शुरू नहीं की है। किसानों को पुराने भंडारण से बीज मुहैया कराया जा रहा है। -सतीश कुमार बिन्नी, प्रधान, बीज मार्केट एसोसिएशन, सोनीपत।