कुंडली बॉर्डर पर किसानों का आंदोलन लगातार जारी है। सिंघु बॉर्डर पर हुई हिंसा के बाद धरनास्थल पर सुरक्षा और चौकस कर दी गई है। किसान मोर्चा के वॉलंटियर रातभर जागकर लगातार गश्त कर रहे हैं। वॉलंटियर तलवार, कृपाण और लाठी-डंडे लेकर खुली जीपों में गश्त करते हैं। रातभर किसानों के बीच रहकर वॉलंटियर उन्हें पूर्ण सुरक्षा का अहसास करा रहे हैं। सुरक्षा को लेकर वॉलंटियरों ने साफ कर दिया है कि किसानों की सुरक्षा उनके लिए सर्वोपरि है। पंजाब और हरियाणा से यहां पहुंच रहे किसानों को उनके घरों से ज्यादा सुरक्षित माहौल दिया जा रहा है।
कुंडली बॉर्डर धरनास्थल पर किसानों का जमावड़ा अब फिर से बढ़ने लगा है। किसानों की लगातार बढ़ती संख्या के बीच यहां रात के समय सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जहां स्थानीय पुलिस प्रशासन प्रयासरत है, वहीं संयुक्त किसान मोर्चा भी अपनी तरफ से बेहतर पहल कर रहा है। इसके लिए वॉलंटियर की नियुक्ति की गई है। वॉलंटियर रातभर जागकर कुंडली बॉर्डर पर करीब सात किलोमीटर क्षेत्र में लगातार गश्त करते रहते है। हालांकि किसानों के अंदर किसी तरह का भय नहीं है, उसके बावजूद वॉलंटियर उनके बीच जोश भरते रहते हैं। वॉलंटियर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सोशल मीडिया पर भी पूरी तरह से सक्रिय हैं।
1200 वॉलंटियर खुली जीप लेकर करते है गश्त
कुंडली धरनास्थल पर सुरक्षा को पूरी तरह चौकस करने के लिए करीब 1200 वॉलंटियरों की ड्यूटी लगाई गई है। वॉलंटियर रात दस बजे से लेकर तड़के चार बजे तक लगातार गश्त करते रहते हैं। इसके लिए उन्हें 100 उसे अधिक जीप व ट्रैक्टर उपलब्ध कराए गए हैं। वॉलंटियर तलवार, कृपाण लेकर लाठी-डंडे तक लेकर चलते हैं। वह लगातार जो बोले सो निहाल सतश्री अकाल के जयघोष करते रहते हैं। साथ ही किसानों को बेहतर सुरक्षा का आभास कराते हैं। रात को गश्त कर रहे हरमीत सिंह ने कहा कि किसानों को घरों से ज्यादा सुरक्षित माहौल दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों में भय पैदा करने के लिए कुंडली बॉर्डर पर माहौल खराब होने की बात कह रही है। उसके विपरीत यहां पूरी तरह से शांतिपूर्ण माहौल है। उनके वॉलंटियर हर स्थिति से निपटने को तैयार हैं।
निहंग भी सुरक्षा को लेकर देते है पहरा
कुंडली बॉर्डर पर वॉलंटियर के साथ ही निहंग भी सुरक्षा को बेहतर बना रहे हैं। दिल्ली की तरफ सिंघु बॉर्डर पर सबसे पहले निहंगों का जत्था बैठा है। निहंगों का एक जत्था रातभर जागकर सुरक्षा को मजबूत रखता है। वह बॉर्डर पर रातभर आग जलाकर बैठते हैं। इसके लिए अलग-अलग दिन अलग-अलग जत्थों की ड्यूटी लगाई जाती है। निहंग जत्था तलवार से लेकर अन्य शस्त्र लेकर सुरक्षा देते हैं।
सुरक्षा को लेकर सोशल मीडिया पर भी कर रहे प्रचार
कुंडली बॉर्डर पर बेहतर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सोशल मीडिया पर लगातार प्रचार किया जा रहा है। संयुक्त किसान मोर्चा की तरफ से सोशल मीडिया पर लोगों को बताया जा रहा है कि कुंडली बॉर्डर पर सुरक्षा को लेकर किसी तरह का भय नहीं है। किसान हरजिंद्र सिंह ने बताया कि प्रचार किया जा रहा था कि कुंडली बॉर्डर पर माहौल बेहतर नहीं है। जिसे लेकर अब संयुक्त किसान मोर्चा के आईटी सेल से जिम्मेदारी संभाल ली है। सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को सुरक्षा प्रबंधों से अवगत कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हरियाणा व पंजाब का किसान किसी भी स्थिति से डरकर पीछे हटने वाला है।